TMC के महासचिव और सांसद अभिषेक बनर्जी ने अपने निर्वाचन क्षेत्र डायमंड हार्बर में एक जनसभा की. पार्टी के पुराने नेता और नए नेता विवाद को लेकर अभिषेक ने कहा कि कई लोग कह रहे हैं कि टीएमसी के पुराने और नए नेताओं के बीच टकराव है. लेकिन मैं कह रहा हूं कि ममता बनर्जी के नेतृत्व में टीएमसी एकजुट है. कोई संघर्ष नहीं है. कोई भी विवाद नहीं है. उन्होंने कहा कि पार्टी ने जो भूमिका और अवसर दिया, उसे उन्होंने हमेशा निभाया है. पार्टी ने मुझसे अग्रिम पंक्ति से नेतृत्व करने के लिए कहा और मैंने वैसा ही किया. अभिषेक ने कहा कि अगर पार्ट मुझे 2024 में कोई जिम्मेदारी देगी तो मैं उसे जरूर निभाउंगा.
रैली में अभिषेक बनर्जी ने कहा कि ममता बनर्जी बेहद सकारात्मक तरीके से पार्टी चला रही हैं. साथ ही कहा कि हां , मैंने कहा है कि उम्र के साथ व्यक्ति की क्षमता कम हो जाती है. 36 साल की उम्र में मैं जिस रैली में कई किलोमीटर पैदल चल सकता था, 30 साल बाद वही काम करने की मेरी क्षमता कम हो जाएगी.
उन्होंने कहा कि यह एक सच्चाई है. उन्होंने ये भी कहा कि मैंने ये नहीं कहा कि मैं पार्टी में काम नहीं करूंगा. युवा हो या बुजुर्ग हर कोई ममता के साथ खड़ा है. हम अपने अधिकारों के लिए विरोध करने दिल्ली गए, हमें लोगों का समर्थन मिला. कई लोग कह रहे हैं कि पुराने और नए नेताओं के बीच लड़ाई है, लेकिन मैं कहना चाहता हूं कि टीएमसी ममता बनर्जी के नेतृत्व वाली पार्टी है.
अभिषेक ने कहा कि इस तथ्य से इनकार नहीं किया जा सकता कि एक बार जब लोग एक निश्चित उम्र तक पहुंच जाते हैं, तो उनकी प्रोडक्टिविटी कम हो जाती है. जो आप 30 की उम्र में कर सकते थे, वह आप 56 की उम्र में नहीं कर सकते. दीदी के साथ सभी सीनियर और जूनियर नेता मजबूती से खड़े हैं. अगर मुझे कोई भी रोल दिया जाएगा, तो मैं उसे जरूर निभाउंगा.