Lucknow University Vice Chancellor: लखनऊ यूनिवर्सिटी के कुलपति प्रो आलोक कुमार राय ने चिट्ठी लिखकर अपने यहां के शिक्षकों से कहा है कि जो भी टीचर आगे किसी विश्वविद्यालय में कुलपति बनने के लिये इच्छुक हो वो उनके पास अपना आवेदन भेज सकते हैं. कुलपति के इस पत्र पर विवाद छिड़ गया है. शिक्षकों में चर्चा शुरू हो गयी कि कुलपति कैसे इस तरह का आवेदन मांग सकते हैं, क्योंकि कुलपति बनाने का अधिकार कुलाधिपति यानी कि राज्यपाल के पास होता है.
आलोक राय ने अपने पत्र में लिखा है कि उनसे अनुरोध किया गया है कि इच्छुक शिक्षकों से आवेदन मांगें. हालांकि उन्होंने यह स्पष्ट नहीं किया कि उनसे ऐसा अनुरोध किसके द्वारा किया गया है. जानकारी के मुताबिक, चिट्ठी में कुलपति बनने के लिये जिन शर्तों का हवाला दिया गया है, वे भी नियमों के हिसाब से नहीं हैं.
कुलपति ने बाद में यह भी बताया कि सरकार ने पांच सदस्यों की एक कमेटी बनायी है जो कि उच्च शिक्षा के बेहतर विकास के लिये काम कर रही है. इसी कमेटी ने उनसे अनुरोध किया है कुलपति बनने के इच्छुक उम्मीदवारों से आवेदन मांगे जाएं. विश्वविद्यालय में इससे पहले विवाद इस बात का भी है कि विश्वविद्यालय में 6 महीने पहले निकले शिक्षक भर्ती के विज्ञापन के लिए अभी तक इंटरव्यू शुरू नहीं हुए हैं. कुल 180 शिक्षकों की भर्ती के लिए इंटरव्यू लिए जाने हैं.