घर काफी पुराना है, सड़क ऊपर आ गई है, घर में पानी घुसता है... तो कोई बात नहीं घर को थोड़ा ऊपर कर लो. सुनने में ये अजीब लग रहा होगा, लेकिन आजकल कुछ ऐसा ही हो रहा है. कई शहरों में तो ये आम है. घर नीचे चला गया है तो लोग उसको ऊपर करवा लेते हैं. एक-दो फुट नहीं, चार फुट तक आसानी से दो-तीन मंजिला घर भी ऊपर किए जा रहे हैं.
इतना ही नहीं, अब तो लोग अपने घर को मूव भी कर रहे हैं. एक बार ऐसा मामला आया कि घर गलती से पास के प्लॉट में बनवा दिया तो मालिक ने घर जगह मूव करवा लिया. हाइवे में जमीन जा रही थी तो घर को पीछे करवा लिया. ऐसे में सवाल है कि आखिर ये कैसे होता है, क्या ये सेफ है, क्या ये लीगल है, इसमें खर्चा कितना होता है. तो जानते हैं हर एक सवाल का जवाब...
क्या है होम लिफ्टिंग और शिफ्टिंग?
अक्सर होम शिफ्टिंग का मतलब समझा जाता है आप अपने घर का सामान ले जाकर कहीं और रहने लग जाते हैं, उसे होम शिफ्टिंग कहा जाता है. लेकिन, ये अलग तरह की होम शिफ्टिंग है, जिसमें घर का सामान नहीं, बल्कि पूरा घर शिफ्ट हो जाता है. घर की दीवारें, घर की छत, खिड़कियां, गेट, पंखे, लाइट सब शिफ्ट हो जाता है. जैसे आपका घर आगे है तो आप उसे पीछे कर सकते हैं, साइड में कर सकते हैं, जैसे कि आप किसी सूटकेस को शिफ्ट करते हैं.
इसके अलावा एक चलन है होम लिफ्टिंग का. इसमें घर की हाइट को बढ़ा दिया जाता है यानी घर नीचे है तो ऊपर कर दिया जाता है. पुराने घरों में अक्सर पानी भरने की दिक्कत होती है, ऐसे में घर की बेस हाइट को बढ़ा दिया जाता है और घर ऊंचा हो जाता है.
कैसे होती है होम लिफ्टिंग?
अगर होम लिफ्टिंग की बात करें तो ये जैक के आधार पर होता है. ऐसे में हमने जैक से घर शिफ्ट करने वाले लोगों से बात की, जिन्होंने इसके प्रोसेस के बारे में बताया. उन्होंने बताया, 'ये ठीक वैसे ही काम करता है, जैसे टायर बदलने के वक्त जैक का इस्तेमाल होता है. इसमें घर की दीवारों और नींव के बीच में काफी सारे जैक लगा दिए जाते हैं.
पहले एक-एक करके जैक लगाए जाते हैं और जैक के दम पर घर को बेस दिया जाता है. पूरा घर जैक के दम पर खड़ा रहता है. फिर धीरे-धीरे हर तरफ से जैक को ऊपर किया जाता है और नीचे भराव किया जाता है. फिर नींव और घर के बीच के स्थान पर सीमेंट, ईंट से भराव कर दिया जाता है. ऐसे धीरे-धीरे इसे ऊपर कर दिया जाता है. ये हाइट कई फीट तक बढ़ा दिया जाता है.
जब घर मूविंग की बात होती है तो पहले जैक को ऊपर उठाया जाता है. इसके साथ ही इस स्थिति में रेल पटरी की तरह नीचे सिस्टम बनाया जाता है और जैसे ट्रैक पर ट्रेन चलती है, वैसे है मूविंग जैक के जरिए घर को भी मूव कर दिया जाता है. कई फीट तक घर को मूव किया जा सकता है. कुछ साल पहले पंजाब के संगरूर में एक आलीशान कोठी को मूव किया गया था और घर को कई फीट तक पीछे किया गया था, जिसकी काफी चर्चा हुई थी. आप नीचे वीडियो में देख भी सकते हैं कि आखिर ये कैसे हुआ था.
कितना आता है खर्चा?
लंबे वक्त से घर शिफ्टिंग का काम कर रहे शख्स ने आजतक को बताया, 'वैसे तो घर की हालत, घर की जगह, घर के नक्शे पर ये खर्चा निर्भर करता है. लेकिन, आमतौर पर देखें तो घर लिफ्टिंग में 200 रुपये प्रति स्क्वायर के लगते हैं. इसमें हम 3 फीट तक घर को ऊपर कर देते हैं. अगर किसी को अपना घर और ज्यादा उठवाना है तो उसका खर्च अलग है. आमतौर पर इतना ही खर्च आता है. इसमें जैक और लेबर का खर्च हमारा होता है और उसके अलावा भराव के लिए मिट्टी, ईंट आदि का खर्च मालिक का होता है.'
उन्होंने आगे बताया, 'आपके घर लिफ्टिंग में आपको वापस फिर से फर्श डलवाना होता है और बाकी चीजें आपकी वैसी ही रह जाती है. इसमें गेट, दरवाजे, लाइट फिटिंग, पाइप फिटिंग, खिड़कियां, हार्डवेयर का सामान वैसे की वैसे ही रहता है. इसके अलावा आपको सिर्फ फर्श नया बनवाना होता है और नींव और नई हाइट के बीच का गैप भी बनवाना पड़ता है.'
जब उनसे पूछा गया कि आप कितने मंजिल के घर को उठा देते हैं तो उन्होंने बताया, '3-4 मंजिल का घर आराम से उठा देते हैं. जब एक मंजिल से ज्यादा का घऱ होता है तो स्क्वायर फुट उसके हिसाब से नापा जाता है, लेकिन औसत खर्चा वो 200 रुपये ही आता है. अगर पूरे खर्चे की बात करें तो इसमें घर तुड़वाकर वापस बनवाने में जितना खर्च आता है, उसके हिसाब से 25 फीसदी खर्च आता है. वहीं अगर घर शिफ्ट करवाना है तो 500 रुपये प्रति स्क्वायर फुट खर्च आता है और कहां शिफ्ट करना है, उस पर खर्चा डिसाइड होता है.

क्या कहीं भी ले जा सकते हैं घर?
उन्होंने बताया, 'अगर घर मूव की बात करें तो ऐसा नहीं है कि किसी दूसरे शहर में ले जाया जा सकता है. लेकिन, इसे आगे पीछे या इधर एक दिशा में किया जा सकता है. ये वहां की लोकेशन पर निर्भर करता है कि कहां तक इसे मूव किया जा सकता है. अगर खाली खेत है और घर मूव करना है तो उसे कहीं भी ले जाया जा सकता है.'
क्या ये सेफ है?
इस सिस्टम की सेफ्टी को लेकर सिविल इंजीनियर ने बताया, 'वैसे ये कितना सेफ है, ये वहां की लोकेशन, घर की स्थिति देखकर ही बताया जा सकता है. घर कितना पुराना बना है, उस पर ही ये निर्भर करता है. अगर इसे सही साइंटिफिक तरीके से किया जाता है, तो ये पॉसिबल है. ऐसा किया जा सकता है और हमने कुछ केस देखे हैं, जिसमें ये सक्सेसफुल रहा है. वैसे इसकी सक्सेस रेट प्रॉपर्टी और उसकी लिफ्टिंग में जो इंजीनियर लगे हैं, उनपर निर्भर करता है.'
क्या ये लीगल है?
यूट्यूब पर कई लोग घर शिफ्ट का दावा कर रहे हैं और राजस्थान, पंजाब, हरियाणा के कई वीडियो इंटरनेट पर हैं. ऐसे में हमने जोधपुर विकास प्राधिकरण के कुछ इंजीनियर्स और सीनियर आर्किटेक्ट से बात की, जिन्होंने बताया कि इस तरह के घर शिफ्टिंग और लिफ्टिंग को लेकर कोई स्पेसिफिक गाइडलाइन सरकार की ओर से जारी नहीं की गई है. अगर ऐसा करने से पहले कोई परमिशन लेने की बात करें तो ऐसी कोई गाइडलाइन नहीं है. वैसे इंजीनियर्स का कहना है कि ये सेफ है और काफी लोग ऐसा कर रहे हैं.