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Budget 2020 Speech Highlights: टैक्स में बदलाव-नई स्मार्ट सिटी, पढ़ें किसको क्या मिला?

Budget 2020 Highlights: केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने शुक्रवार को अपना बजट पेश किया. मोदी सरकार ने मिडिल क्लास के लिए बड़ी छूट दी और टैक्स स्लैब में बदलाव किया. इसी के साथ ही कई मंत्रालयों और योजनाओं के बजट में बढ़ोतरी की गई है.

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 Budget 2020 Speech Highlights: वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने पेश किया बजट
Budget 2020 Speech Highlights: वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने पेश किया बजट

  • मोदी सरकार ने पेश किया दूसरा आम बजट
  • वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने किए बड़े ऐलान
  • टैक्स स्लैब में मिडिल क्लास को दी गई छूट
  • देश में पांच नई स्मार्ट सिटी बनाएगी सरकार

मोदी सरकार के दूसरे कार्यकाल का आज दूसरा बजट पेश किया गया. वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने अब तक के सबसे बड़े भाषण में किसानों, युवाओं, महिलाओं के लिए बड़ी योजनाओं का ऐलान किया. बजट के अंत में निर्मला सीतारमण ने मिडिल क्लास के लिए टैक्स में छूट का ऐलान किया, लेकिन जबतक बात समझ में आई तो कन्फ्यूजन पैदा हो गया. अर्थव्यवस्था के मोर्चे पर सरकार को पहले ही बड़े झटके लग रहे थे, ऐसे में इस बजट से उम्मीदें थीं.

लेकिन बजट भाषण खत्म होने के बाद जिस तरह शेयर मार्केट में हलचल देखने को मिली है और मिडिल क्लास में टैक्स स्लैब को लेकर हलचल है उससे कई तरह की प्रतिक्रियाएं देखने को मिली हैं. इस बजट में क्या खास है, किस सेक्टर के लिए क्या दिया गया है, यहां पढ़ें...

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टैक्सपेयर्स के लिए क्या है?

वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने शनिवार को अपने बजट भाषण में टैक्स स्लैब में बदलाव किया, इसके तहत करीब कुछ टैक्स स्लैब का ऐलान किया गया. जिसमें पांच फीसदी टैक्स की छूट दी गई, लेकिन इसके तहत कुछ शर्तें भी लगा दी गई हैं.

5% - 2.5 – 5 लाख कमाई पर.

10% - 5-7.5 लाख कमाई पर.

15% - 7.5 – 10 लाख कमाई पर.

20% - 10 – 12.5 लाख कमाई पर.

25% - 12.5 – 15 लाख कमाई पर.

30% - 15 लाख और अधिक से ऊपर की कमाई पर.

वित्त मंत्री के भाषण के अनुसार, ‘नई कर व्यवस्था में किसी करदाता द्वारा छूट-कटौती के आधार पर उसे पर्याप्त लाभ मिलेगा. अगर कोई व्यक्ति एक साल में 15 लाख रुपये कमाता है और किसी कटौती का फायदा नहीं उठा रहा है. तो टैक्स स्लैब के अनुसार उसे 1 लाख 95 हजार रुपये देने होंगे, पहले उसे 2 लाख 73 हजार रुपये देने होते थे. नई टैक्स स्लैब के जरिए करीब 78 हजार रुपये सालाना का फायदा होगा.’

हालांकि, नई टैक्स स्लैब के तहत टैक्स देना वैकल्पिक होगा. अगर किसी टैक्सपेयर को इन सुविधाओं का लाभ लेना है तो उसे उन छूट का त्याग करना होगा, जो अभी तक मिलती आई हैं. यानी बीमा, निवेश, घर का किराया, बच्चों की स्कूल फीस जैसी कुल 70 सुविधाएं हैं जिन पर मिलने वाली छूट को त्यागना होगा. पहले टैक्स भरते हुए इन सभी चीज़ों की जानकारी देने पर टैक्स में छूट मिलती थी.

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यहां क्लिक कर पढ़ें... Budget 2020 Highlights

किसको क्या मिला?

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किसानों के लिए खोला गया पिटारा

किसानों के लिए मोदी सरकार ने बड़े ऐलान किए हैं और नई 16 सूत्रीय योजना लागू करने की बात कही है. वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने संसद में वित्त वर्ष 2020-21 का केन्द्रीय बजट पेश करते हुए किसानों की आमदनी दोगुनी करने, बागवानी, अनाज भंडारण, पशुपालन और नीली अर्थव्यवस्था को प्रोत्साहित करने पर केन्द्रित 16 सूत्री कार्य योजना की घोषणा की.

प्रधानमंत्री कुसुम योजना के दायरे में और 20 लाख किसानों को लाने का प्रस्ताव किया गया है. इसके अलावा 15 लाख अतिरिक्त किसानों को उनके बिजली के पंपों को सौर ऊर्जा चलित बनाने में मदद की जाएगी.

किसानों की आमदनी बढ़ाने के लिए वित्तमंत्री ने सभी तरह के उर्वरकों के संतुलित इस्तेमाल तथा जीरो बजट प्राकृतिक खेती को प्रोत्साहित करने पर जोर दिया. उन्होंने कहा कि वर्षा संचित क्षेत्रों में एकीकृत खेती प्रणाली को बढ़ावा दिया जाएगा.

इसके साथ ही बहुस्तरीय फसल उगाने, मधुमक्खी पालन, सौर पंपों के इस्तेमाल तथा सौर ऊर्जा उत्पादन को भी बढ़ाया जाएगा. उन्होंने कहा कि जैविक खेती से संबंधित ऑनलाइन राष्ट्रीय पोर्टल को भी मजबूत बनाया जाएगा. उन्होंने कहा कि जल संकट की समस्या से जूझ रहे देश के 100 जिलों में इस समस्या से निपटने के लिए व्यापक इंतजाम किये जाएंगे.

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2_020120032736.jpgकिस मंत्रालय को क्या मिला?

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नई शिक्षा नीति लाएगी मोदी सरकार

2020-21 में शिक्षा क्षेत्र के लिए 99,300 करोड़ रुपये और कौशल विकास के लिए 3000 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है. अपने भाषण में वित्त मंत्री ने कहा कि 2030 तक भारत विश्वभर में सबसे अधिक कार्यशील जनसंख्या वाला देश बन जाएगा. उनके लिए साक्षरता के साथ-साथ रोजगार एवं जीवन कौशल की जरूरत है.

मार्च 2020-21 तक देश में 150 उच्चतर शैक्षिक संस्थान अप्रेंटिसशिप इम्बेडेड डिग्री/डिप्लोमा शुरू किए जाएंगे. इससे सामान्य तौर पर (सेवा क्षेत्र अथवा प्रौद्योगिकी क्षेत्र) छात्रों की नियोजनीयता में सुधार लाने में मदद मिलेगी. सरकार एक कार्यक्रम भी शुरू करेगी, जिसके द्वारा देशभर के शहरी स्थानीय निकाय नए इंजीनियरों को अधिकतम एक वर्ष की अवधि तक इंटर्नशिप का अवसर दिया जाएगा.

राष्ट्रीय कौशल विकास एजेंसी अवसंरचना केन्द्रित कौशल विकास के अवसरों पर विशेष जोर देगी. जल्द ही नई शिक्षा नीति की घोषणा की जाएगी. वित्त मंत्री ने अपने भाषण में कहा कि समाज के वंचित वर्गों के छात्रों के साथ-साथ उच्चतर शिक्षा तक पहुंच में अक्षम छात्रों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्रदान करने के उद्देश्य से डिग्री स्तर का सुव्यवस्थित ऑनलाइन शिक्षा कार्यक्रम शुरू किया जाएगा.

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हालांकि, ऐसे पाठ्यक्रम केवल उन्हीं संस्थानों में उपलब्ध होंगे, जो राष्ट्रीय संस्था रैंकिंग कार्यक्रम में शीर्ष 100 रैंकों में शामिल हैं.

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मैन्युफेक्चरिंग हब बनेगा देश, हर जिले तक पहुंचेगी सरकार

वित्त मंत्री ने कहा कि उद्योग एवं वाणिज्य के विकास व संवर्धन के लिए वित्त वर्ष 2020-21 में 27,300 करोड़ रुपये आवंटित किए जाएंगे. समग्र रूप से सुविधा प्रदान करने के लिए एक निवेश मंजूरी प्रकोष्ठ, स्थापित किया जाएगा. सार्वजनिक-निजी भागीदारी (पीपीपी) व्यववस्था के तहत राज्यों के साथ सहयोग से 5 नवीन ‘स्मार्ट सिटी’ विकसित करने का प्रस्ताव किया गया है.

मोबाइल फोन, इलेक्ट्रॉनिक उपकरण एवं सेमी-कंडक्टयर पैकेजिंग के निर्माण को प्रोत्साोहित करने के लिए भी एक योजना का प्रस्ताव किया गया है. इसी तरह 1480 करोड़ रुपये के अनुमानित परिव्यलय के साथ 4 वर्षों की कार्यान्वयन अवधि वाला एक राष्ट्रीय तकनीकी वस्त्र मिशन शुरू किया जाएगा, जिसका उद्देश्य भारत को तकनीकी वस्त्रों के क्षेत्र में वैश्विक स्तर पर अग्रणी बनाना है.

केंद्र सरकार की ओर से अधिक निर्यात ऋण के वितरण के उद्देश्य की पूर्ति के लिए एक नई योजना ‘निर्विक’ शुरू की जा रही है, जिसके तहत मुख्यत: छोटे निर्यातकों को आवश्यकता के अनुसार सहयोग दिया जाएगा. गवर्नमेंट ई-मार्केटप्लेस (जेम) वस्तुओं एवं सेवाओं की खरीद हेतु एकल प्लेटफॉर्म मुहैया कराने के लिए देश में एकीकृत खरीद प्रणाली सृजित करने की दिशा में अग्रसर हो रहा है. जेम के कारोबार (टर्नओवर) को 3 लाख करोड़ रुपये के स्तर पर ले जाने का प्रस्ताव है. 3.24 लाख वेंडर पहले ही इस प्लेटफॉर्म से जुड़ चुके हैं.

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