'हम होर्मुज के गार्ड', ट्रंप के बयान पर ईरान का तंज- अपने सीनेटर की कब्र की रक्षा करें!

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने पहली बार साफ साफ कहा है कि अमेरिका स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को अपने कंट्रोल में ले रहा है और वहां से गुजरने वाले जहाजों को 20 परसेंट टोल टैक्स देना होगा. ट्रंप के इस बयान पर ईरान आग-बबूला है. ईरान के अधिकारी ने ट्रंप को उस सीनेटर की याद दिलाई है, जिसकी अभी अभी मौत हुई है.

Advertisement
ट्रंप ने होर्मुज पार करने वाले जहाजों से 20% कमीशन लेने की बात कही है. (Photo: ITG) ट्रंप ने होर्मुज पार करने वाले जहाजों से 20% कमीशन लेने की बात कही है. (Photo: ITG)

aajtak.in

  • नई दिल्ली,
  • 13 जुलाई 2026,
  • अपडेटेड 10:35 PM IST

ईरान ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के ‘स्ट्रेट ऑफ होर्मुज का रखवाला’ बनने के दावे पर कड़ी आलोचना की है. ईरान ने होर्मुज पर अपना दावा दोहराते हुए कहा है कि उन्हें विदेशी गार्ड की जरूरत नहीं है अगर ट्रंप को इतनी ही रखवाली करनी है तो वे सीनेटर लिंडसे ग्राहम की कब्र की सुरक्षा करें. 

सीनेटर लिंडसे ग्राहम घोर ईरान विरोधी सीनेटर माने जाते थे, वे ट्रंप के करीबी थे. हाल ही में उनकी संदिग्ध मौत हुई है. उनकी मौत को लेकर साजिश की कई थ्योरी चल रही है. 

Advertisement

राष्ट्रपति ट्रंप ने सोमवार को एक पोस्ट में कहा था कि होर्मुज स्ट्रेट खुला है और ईरान के साथ या उसके बिना खुला ही रहेगा. ट्रंप ने कहा कि हम 'ईरानी नाकेबंदी'फिर से लागू कर रहे हैं; इसे यह नाम इसलिए दिया गया है क्योंकि यह सिर्फ़ ईरान के जहाज़ों या ईरान के ग्राहकों को ही आने-जाने से रोकती है.  बाकी सभी देश इस स्ट्रेट का निष्पक्ष और खुले तौर पर इस्तेमाल कर सकेंगे. 

ट्रंप को होर्मुज पर चाहिए 20 परसेंट

ट्रंप ने कहा कि अब से अमेरिका को होर्मुज स्ट्रेट का रखवाला माना जाएगा. साथ ही निष्पक्षता के नाते दुनिया के इस बेहद संवेदनशील हिस्से में सुरक्षा और हिफ़ाज़त का काम करने में आने वाले सभी ज़रूरी खर्चों के लिए अमेरिका को वहां से गुज़रने वाले सभी कार्गो पर 20% की दर से भुगतान किया जाएगा. यह प्रक्रिया और व्यवस्था तुरंत शुरू हो जाएगी. ट्र

Advertisement

ट्रंप के इस दावे पर ईरानी संसद की विदेश नीति और राष्ट्रीय सुरक्षा समिति के प्रवक्ता इब्राहिम रेज़ाई ने कड़ी आलोचना की. उन्होंने कहा, “हमें विदेशी रखवालों की जरूरत नहीं है. अगर ट्रंप को इतनी ही रखवाली करनी है तो वे सीनेटर लिंडसे ग्राहम की कब्र की सुरक्षा करें."

इस बीच ईरान की सबसे बड़ी ऑपरेशनल कमांड यूनिट का कहना है कि इस्लामिक रिपब्लिक कभी भी अमेरिका को होर्मुज जलडमरूमध्य  के मैनेजमेंट में दखल नहीं देने देगा.

खतम अल-अंबिया सेंट्रल हेडक्वार्टर के प्रवक्ता लेफ्टिनेंट-कर्नल इब्राहिम ज़ोलफ़कारी ने सोमवार को ये बातें कहीं. उन्होंने ये बयान अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की उस टिप्पणी के बाद दिया जिसमें ट्रंप ने कहा था कि वॉशिंगटन इस रणनीतिक जलमार्ग पर कब्ज़ा कर सकता है.

उन्होंने कहा, "पहले दी गई चेतावनियों के बाद, हम किसी भी हालत में अमेरिका को होर्मुज जलडमरूमध्य के मैनेजमेंट में दखल नहीं देने देंगे."

उन्होंने कहा कि होर्मुज स्ट्रेट में दखल देने की अमेरिका की "बार-बार की मनमानी और शरारतों" ने "क्षेत्रीय सुरक्षा, अंतरराष्ट्रीय व्यापार और तेल टैंकरों व कमर्शियल जहाजों की आवाजाही को गंभीर खतरे में डाल दिया है."

ट्रंप को याद दिलाया लिंडसे ग्राहम

बता दें कि लिंडसे ग्राहम ट्रंप के करीबी सहयोगी और ईरान के प्रति कठोर नीति के समर्थक थे. उनकी मृत्यु के बाद ईरानी मीडिया में जश्न मनाया गया जबकि अमेरिका में शोक है. विश्लेषकों के अनुसार यह तंज ईरान की उस रणनीति का हिस्सा है जिसमें वह अमेरिकी दखलअंदाजी को सीधे चुनौती दे रहा है. स्ट्रेट ऑफ होर्मुज दुनिया के तेल निर्यात का प्रमुख मार्ग है, जहां से वैश्विक तेल आपूर्ति का पांचवां हिस्सा गुजरता है. ईरान ने पहले भी धमकी दी है कि यदि जरूरी हुआ तो वह इस जलडमरूमध्य को बंद कर सकता है. ट्रंप प्रशासन ने हाल के हफ्तों में ईरान पर कई हमले किए हैं और होर्मुज में अमेरिकी नौसैनिक उपस्थिति बढ़ाई है. 

---- समाप्त ----

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement
Latest News in Hindi »