अयोध्या में श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट की अहम बैठक बुधवार को दो चरणों में आयोजित की गई. बैठक का पहला चरण मणिराम दास छावनी में हुआ, जिसमें ट्रस्ट के सदस्यों ने कई महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा की. पहले सत्र में ट्रस्ट के रिक्त स्थानों की पूर्ति को लेकर मंथन किया गया. बैठक का यह चरण दोपहर 3 बजे खत्म हुआ.
पहले चरण की विशेष बैठक में ट्रस्ट के अध्यक्ष महंत नृत्य गोपालदास, अंतरिम महासचिव कृष्ण मोहन, कोषाध्यक्ष गोविंददेवगिरी, युग पुरुष स्वामी परमानंद, जगद्गुरु वासुदेवानंद सरस्वती, स्वामी विश्व तीर्थ प्रसन्न और महंत दिनेंद्र दास मौजूद रहे. विशेष आमंत्रित सदस्यों के रूप में विश्व हिंदू परिषद की प्रबंध समिति के सदस्य दिनेश चंद्र और महंत कमलनयन दास भी बैठक में शामिल हुए.
इस विशेष बैठक में विश्व हिंदू परिषद के वरिष्ठ पदाधिकारी बजरंग लाल बांगड़ा को शामिल नहीं किया गया. बैठक के दौरान ट्रस्ट से जुड़े विभिन्न विषयों पर चर्चा की गई, जिनमें रिक्त स्थानों को भरने का मुद्दा प्रमुख रहा. पहले चरण की बैठक समाप्त होने के बाद ट्रस्ट की दूसरी बैठक शुरू हुई. दूसरे सत्र में सभी सदस्य शामिल हुए. इस बैठक में बजरंग लाल बांगड़ा और पदेन सदस्य जिलाधिकारी शशांक त्रिपाठी भी मौजूद रहे.
दो चरणों में हुई ट्रस्ट की अहम बैठक
दूसरे चरण की बैठक में केंद्र सरकार और उत्तर प्रदेश सरकार के पदेन प्रतिनिधियों ने भी भाग लिया. ट्रस्ट के प्रमुख के. परासरण वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से बैठक से जुड़े. इस सत्र में सभी सदस्यों की मौजूदगी के बीच विभिन्न महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा शुरू हुई. दूसरे चरण की बैठक का सबसे अहम एजेंडा SIT के अंतिम प्रतिवेदन पर चर्चा रहा. ट्रस्ट के सदस्यों ने इस विषय पर विचार-विमर्श शुरू किया. बैठक में ट्रस्ट से जुड़े अन्य प्रशासनिक और संगठनात्मक मुद्दों पर भी चर्चा की गई.
SIT के अंतिम प्रतिवेदन पर शुरू हुई चर्चा
श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट की यह बैठक कई कारणों से महत्वपूर्ण मानी जा रही है. पहले चरण में जहां ट्रस्ट के खाली स्थानों की पूर्ति पर विचार किया गया, वहीं दूसरे चरण में SIT के अंतिम प्रतिवेदन पर चर्चा केंद्र में रही. बैठक में ट्रस्ट के वरिष्ठ सदस्यों के साथ केंद्र और राज्य सरकार के प्रतिनिधियों की भागीदारी भी रही. ट्रस्ट के प्रमुख के. परासरण ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए अपनी उपस्थिति दर्ज कराई.
मयंक शुक्ला