मध्य प्रदेश के ऐतिहासिक स्थल जगदीशपुर में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में आज यानी कि रविवार को एक विशेष कैबिनेट बैठक का आयोजन किया जा रहा है. यह बैठक राजनीतिक और प्रशासनिक दोनों ही दृष्टिकोण से बेहद महत्वपूर्ण मानी जा रही है. इस विशेष कैबिनेट बैठक का सबसे प्रमुख एजेंडा समान नागरिक संहिता (UCC) के मसौदे को हरी झंडी दिलाना है.
मुख्यमंत्री मोहन यादव ने स्पष्ट किया है कि सरकार एक देश, एक कानून के सिद्धांत पर आगे बढ़ रही है. कैबिनेट से मंजूरी मिलने के तुरंत बाद, सरकार इसे मध्य प्रदेश विधानसभा के आगामी मानसून सत्र में बिल के रूप में पेश करेगी. आपको बता दें कि प्रदेश में विधानसभा का मानसून सत्र 20 जुलाई को शुरू होगा.
इंदौर में ही CM ने दिया था यूसीसी लागू करने का संकेत
मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने इंदौर में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान समान नागरिक संहिता को लेकर एक बड़ा बयान दिया था. उन्होंने स्पष्ट किया था कि सरकार देश में सभी नागरिकों के लिए समान कानून लागू करने की दिशा में आगे बढ़ रही है.
मुख्यमंत्री ने सामाजिक समानता और कानूनों की एकरूपता पर जोर देते हुए एक व्यावहारिक उदाहरण दिया. उन्होंने कहा कि यदि भगवान रामचंद्र एक शादी करते हैं, तो रहीम से भी एक ही शादी की अपेक्षा की जाती है. सीएम यादव का यह बयान विवाह और पारिवारिक कानूनों में समानता लाने की सरकार की मंशा को रेखांकित करता है.
उन्होंने आगे कहा कि किसी भी लोकतांत्रिक और प्रगतिशील समाज में सभी नागरिकों के लिए एक जैसे नियम और अधिकार होने चाहिए. सरकार का लक्ष्य किसी भी वर्ग के साथ भेदभाव करना नहीं, बल्कि समाज में समरसता और समानता स्थापित करना है. इंदौर में दिए गए मुख्यमंत्री के इस बयान के बाद राजनीतिक और सामाजिक हलकों में समान नागरिक संहिता को लेकर एक बार फिर चर्चा तेज हो गई थी. वहीं अब सरकार इसे आज होने वाली बैठक में हरी झंडी दिखाएगी.
रवीश पाल सिंह