How to Make Gujarati Palak Patra: शाम को चाय के साथ कुछ क्रिस्पी और चटपटा खाने का मन करता है, लेकिन रोज-रोज पकौड़े और समोसे खाकर मन भर जाता है. ऐसे में कुछ नया टेस्टी खाने का मन करता है. स्नैक्स में गुजराती डिशेज देशभर में लोग काफी खाते हैं, आपने फाफड़ा,ढोकला, थेपला तो बहुत खाया होगा, मगर आज हम आपको चाय के साथ खाने के लिए एक लाजवाब डिश बताने जा रहे हैं.
शाम को चाय के साथ नाश्ते में अगर आपको कुछ खाना अच्छा लगता है तो इस बार गुजराती स्टाइल पालक पात्रा ट्राई करें. यह एक पारंपरिक गुजराती स्नैक है, जो स्वाद के साथ-साथ पोषण से भी भरपूर होता है. आमतौर पर पात्रा अरबी के पत्तों से बनाई जाती है, लेकिन पालक से बनी पात्रा भी स्वाद में बेस्ट होती है. इसे आप शाम की चाय, नाश्ते या मेहमानों के लिए भी बना सकते हैं.
गुजराती पालक पात्रा बनाने के लिए लीजिए ये चीजें
तड़के के लिए
गुजराती पालक पत्ता बनाने का तरीका
एक बड़े बाउल में बेसन, सूजी, इमली का गूदा, अदरक-हरी मिर्च पेस्ट, हल्दी, लाल मिर्च, धनिया पाउडर, तिल, चीनी और नमक डालें. थोड़ा-थोड़ा पानी मिलाकर गाढ़ा और स्मूद घोल तैयार कर लें.
उसके बाद पालक के पत्तों को अच्छी तरह धोकर सुखा लें. अगर डंठल मोटा हो तो हल्का काट दें ताकि रोल बनाना आसान हो जाए.
एक पालक का पत्ता रखें और उस पर बेसन का घोल लगाएं. फिर उसके ऊपर दूसरा पत्ता रखें और दोबारा मिक्सर लगाएं. इसी तरह चार से पांच पत्तों की परत बनाकर उन्हें सावधानी से रोल कर लें.
रोल करने के बाद सबको स्टीमर में या आप कूकर में पानी के ऊपर दो ग्लास के ऊपर प्लेट रखकर इनको स्टीम करने के लिए रख दीजिए.
पालक-बेसन के रोल को 15-20 मिनट तक भाप में पकाएं. पकने के बाद पूरी तरह ठंडा होने दें. ठंडा होने पर रोल को गोल-गोल टुकड़ों में काट लें.
एक पैन में तेल गर्म करें. राई, तिल और करी पत्ते डालकर तड़का लगाएं. फिर पात्रा के टुकड़े डालकर दो से तीन मिनट हल्का सेंक लें.
परोसने का तरीका
गर्मागर्म पालक पात्रा को हरी चटनी या मीठी इमली की चटनी के साथ परोसें. इसके साथ में अगर चाय हो तो मजा दोगुना हो जाता है. बाहर से हल्की कुरकुरी और अंदर से नरम यह गुजराती डिश बच्चों से लेकर बड़ों तक सभी को पसंद आती है.
प्रो टिप: स्वाद बढ़ाने के लिए ऊपर से थोड़ा सा कद्दूकस किया हुआ नारियल और बारीक कटा हरा धनिया डाल सकते हैं.
आजतक लाइफस्टाइल डेस्क