गुजरात के मेहसाणा में हनीट्रैप गिरोह की एक सुनियोजित साजिश का खुलासा हुआ है. एंटीक सिक्के खरीदने का लालच देकर एक व्यापारी को फ्लैट में बुलाया गया, जहां उसे कथित तौर पर हनीट्रैप कर बंधक बनाया गया. फिर उससे न सिर्फ मारपीट की गई, बल्कि अश्लील तस्वीरें खींचकर ब्लैकमेल भी किया गया. आरोप है कि गिरोह ने व्यापारी से नकदी, सोने के आभूषण और अन्य सामान मिलाकर करीब 4.35 लाख रुपये की उगाही की. मामले में मेहसाणा शहर 'ए' डिवीजन पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि तीन अन्य फरार हैं.
पुलिस के अनुसार, शिकायतकर्ता 10 जुलाई 2026 को अहमदाबाद से पाटन जा रहे थे. रास्ते में उनके मोबाइल पर नयना नाम की महिला का फोन आया. महिला ने खुद को एंटीक सिक्कों की खरीदार बताते हुए उन्हें मेहसाणा स्थित खुशबू अपार्टमेंट बुलाया. व्यापारी जैसे ही फ्लैट में पहुंचे, महिला ने अंदर से दरवाजा बंद कर दिया. कमरे में पहले से मौजूद दो युवकों ने उन्हें जबरन भीतर ले जाकर कपड़े उतरवाए और महिला के साथ आपत्तिजनक तस्वीरें खींच लीं.
शिकायत में आरोप लगाया गया है कि इसके बाद आरोपियों ने बेल्ट से व्यापारी की पिटाई की, गालियां दीं और उनकी जेब से नकदी, आधार कार्ड तथा विजिटिंग कार्ड निकालकर उनकी तस्वीरें भी ले लीं. गिरोह ने धमकी दी कि यदि तीन लाख रुपये नहीं दिए गए तो ये तस्वीरें उनकी पत्नी और बेटे को भेज दी जाएंगी और सोशल मीडिया पर वायरल कर दी जाएंगी.
आरोपियों ने व्यापारी के गले से करीब 18 ग्राम सोने की रुद्राक्ष माला और हाथों से दो सोने की अंगूठियां भी उतरवा लीं. इतना ही नहीं, एक अन्य साथी के जरिए पाटन में व्यापारी के परिचित से 50 हजार रुपये भी मंगवाए गए. इसके बाद जान से मारने की धमकी देकर व्यापारी को छोड़ दिया गया.
शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए विक्रम पटेल उर्फ विक्की और विमलसिंह वाघेला को गिरफ्तार कर लिया. उनके कब्जे से 50 हजार रुपये नकद और करीब 1.75 लाख रुपये कीमत की दो सोने की अंगूठियां बरामद की गई हैं. पुलिस के मुताबिक, गिरफ्तार आरोपियों का आपराधिक रिकॉर्ड भी सामने आया है और उनके खिलाफ पहले भी इसी तरह के हनीट्रैप के मामले दर्ज हैं. फिलहाल धर्मेश पंड्या, नयना पटेल और आरती ठाकोर की तलाश जारी है. पुलिस पूरे नेटवर्क और गिरोह के अन्य सदस्यों की भूमिका की भी जांच कर रही है.
ब्रिजेश दोशी