फैक्ट चेक: असम में जंगल बचाने के लिए जेसीबी वालों से भिड़ा हाथी? नहीं, असलियत कुछ और है

वायरल वीडियो में "SH Assam Animals" का वॉटरमार्क दिख रहा है. इस जानकारी की मदद से सर्च करने पर हमें इसी नाम के एक फेसबुक पेज पर वीडियो का एक स्पष्ट वर्जन मिला. यहां बताया गया है कि ये असम के एक चाय बागान में फंसे हाथी के बच्चे को बचाने का वीडियो है.

Advertisement

आजतक फैक्ट चेक

दावा
ये असम का वीडियो है जहां एक हाथी जंगल की रक्षा के लिए अकेला जेसीबी वालों से भिड़ गया.
सच्चाई
ये वीडियो है तो असम का ही, लेकिन ये एक हाथी के बच्चे को बचाने के 'रेस्क्यू ऑपरेशन' से संबंधित है.

फैक्ट चेक ब्यूरो

  • नई दिल्ली,
  • 16 जुलाई 2026,
  • अपडेटेड 9:29 PM IST

किसी चाय बागान में एक जेसीबी से टक्कर लेते हाथी का वीडियो सोशल मीडिया पर खूब वायरल है. कई लोगों का कहना है कि ये हाथी पेड़ों को कटने से बचाने के लिए ऐसा कर रहा था. लोग हाथी की तारीफ करते हुए कह रहे हैं कि इनसान को जंगल की रक्षा करने का जज्बा हाथियों से सीखना चाहिए.

कई न्यूज वेबसाइट्स ने भी इस वीडियो के बारे में इसी कहानी के साथ खबर छापी है.

Advertisement

एक एक्स यूजर ने इसे शेयर करते हुए लिखा, "जिस जंगल ने उसे जीवन दिया, उसकी रक्षा के लिए हाथी अकेला ही JCB के सामने खड़ा हो गया. कभी-कभी जानवर भी इंसानों से ज़्यादा अपने घर की कीमत समझते हैं." ऐसे ही एक पोस्ट का आर्काइव्ड वर्जन यहां देखा जा सकता है.
 

आजतक फैक्ट चेक ने पाया कि ये घटना तो असली है लेकिन कहानी कुछ और है. ये असम में एक हाथी के बच्चे को गड्ढे से निकालने के रेस्क्यू ऑपरेशन का वीडियो है. जंगल बचाने के लिए हाथी के जेसीबी को धकेलने की कहानी पूरी तरह मनगढंत है.
 
कैसे पता लगाई सच्चाई?  

वायरल वीडियो में "SH Assam Animals" का वॉटरमार्क दिख रहा है. इस जानकारी की मदद से सर्च करने पर हमें इसी नाम के एक फेसबुक पेज पर वीडियो का एक स्पष्ट वर्जन मिला.  

Advertisement

यहां बताया गया है कि ये असम के एक चाय बागान में फंसे हाथी के बच्चे को बचाने का वीडियो है. इसके कीफ्रेम्स को रिवर्स सर्च करने पर हमें असम के बीजेपी विधायक मृणाल सेकिया का 1 अक्टूबर, 2025 का एक एक्स पोस्ट मिला जिसमें वायरल वीडियो से काफी मिलता-जुलता वीडियो है. उस वक्त उन्होंने वीडियो के साथ लिखा था कि जेसीबी को इस तरह इस्तेमाल करने से हाथी को चोट लग सकती है.  

उस वक्त मृणाल सेकिया के बयान के बारे में कई न्यूज आउटलेट्स ने खबरें छापी थीं. जाहिर है, ये वीडियो हाल-फिलहाल का तो नहीं हो सकता.  

इस बारे में थोड़ी और खोजबीन करने पर हमें '@Himankasaikia98' हैंडल वाले एक यूट्यूब चैनल पर इसी घटना का एक लंबा वीडियो मिला.  

इस वीडियो में ठीक वही कपड़े पहने हुए लोग देखे जा सकते हैं, जो वायरल वीडियो में दिख रहे हैं.

इसी तरह, वायरल वीडियो में एक महिला की टी-शर्ट के पीछे 'Assam forest' लिखा हुआ है. '@Himankasaikia98' चैनल वाले वीडियो में भी ऐसी टी-शर्ट पहने कई लोग दिखते हैं.

इस वीडियो को देखकर इसकी पूरी कहानी समझ में आती है. इसकी शुरुआत में एक जगह हाथी का छोटा बच्चा गड्ढे में गिरा हुआ दिखाई देता है. पास ही एक हथिनी खड़ी है, जो संभवत: उसकी मां है. इसके बाद जेसीबी गड्ढे की तरफ बढ़ने लगती है, जिसे देखकर हथिनी परेशान होने लगती है. कुछ दूरी पर एक व्यक्ति बंदूक लेकर खड़ा दिखता है. कुछ लोग तरह-तरह की आवाजें निकालकर हथिनी को गड्ढे के पास से हटाने की कोशिश करते हैं लेकिन वो वहां से नहीं हटती. उल्टा, अपनी सूंड़ से जेसीबी की ट्रॉली को धक्का देने की कोशिश करती है. साफ पता लग रहा है कि हथिनी को इस बात की चिंता है कि कहीं जेसीबी से उसके बच्चे को चोट न लग जाए. वीडियो के अंत में हथिनी और उसका बच्चा जाते हुए दिखाई देते हैं.  

Advertisement

वीडियो में एक महिला की टी-शर्ट के पीछे 'काजीरंगा' लिखा हुआ दिखता है. ये देखकर लगता है कि ये काजीरंगा राष्ट्रीय उद्यान के आसपास का इलाका हो सकता है. 

आजतक के गुवाहाटी संवाददाता अतीकुल हबीब ने हमें बताया कि ये घटना असम के गोलाघाट जिले में स्थित नुमालीगढ़ की है.

साफ है, हाथी के बच्चे को गड्ढे से निकालने का वीडियो को कुछ लोग मनगढंत कहानी के साथ शेयर कर रहे हैं
 
(इनपुट: महफूज आलम, पथिकृत सान्याल)

---- समाप्त ----

क्या आपको लगता है कोई मैसैज झूठा ?
सच जानने के लिए उसे हमारे नंबर 73 7000 7000 पर भेजें.
आप हमें factcheck@intoday.com पर ईमेल भी कर सकते हैं
Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement
Latest News in Hindi »