पैरों में लोहे की बेड़ियां, शरीर पर पिटाई के निशान... मदरसे से भागे बच्चों ने खोली क्रूरता की पोल

दरभंगा के एक मदरसे से चार नाबालिग छात्रों के भागने और उनके पैरों में जंजीर व ताले लगे मिलने के बाद हड़कंप मच गया है. ग्रामीणों ने बच्चों को गंभीर हालत में देखा तो पुलिस को सूचना दी. बच्चों ने मौलाना पर क्रूरता, मारपीट और बंधक बनाने के गंभीर आरोप लगाए हैं. पुलिस ने FIR दर्ज कर जांच शुरू कर दी है.

Advertisement
मौलाना कदीर पर FIR दर्ज.(Photo: Prahalad Kumar /ITG) मौलाना कदीर पर FIR दर्ज.(Photo: Prahalad Kumar /ITG)

प्रह्लाद कुमार

  • दरभंगा,
  • 21 जून 2026,
  • अपडेटेड 7:33 PM IST

बिहार के दरभंगा जिले से इंसानियत को झकझोर देने वाला मामला सामने आया है. बहादुरपुर थाना क्षेत्र के सिनुआरा गांव में चार नाबालिग बच्चे संदिग्ध हालत में मिले हैं, जिनके पैरों में लोहे की जंजीर और बड़े ताले लगे हुए थे. बच्चों की हालत देखकर ग्रामीण दंग रह गए और तुरंत उन्हें सुरक्षित स्थान पर ले गए. इसके बाद पूरे मामले का खुलासा हुआ और मदरसे में कथित क्रूरता की कहानी सामने आई.

Advertisement

ग्रामीणों के अनुसार, बच्चे कड़ी धूप में पैदल चलते हुए थके हुए एक जगह बैठे थे. लोगों ने जब उनके पैरों में जंजीर और ताले देखे तो तुरंत उनसे पूछताछ की, तो बच्चों ने बताया कि वे दरभंगा के अशोक पेपर मिल थाना क्षेत्र में स्थित मदरसा सैफुल उलूम के छात्र हैं. चारों बच्चे मधुबनी जिले के अररिया संग्राम गांव के रहने वाले बताए जा रहे हैं.

यह भी पढ़ें: दरभंगा शोरूम मर्डर केस: नौकरी से निकाले जाने की खुन्नस में शोरूम मैनेजर की कर दी थी हत्या, आरोपी गिरफ्तार

बच्चों ने ग्रामीणों को बताया कि मदरसे के संचालक मौलाना कदीर उन्हें बंधक बनाकर रखते थे और विरोध करने पर मारपीट करते थे. आरोप है कि बच्चों को जंजीरों से बांधकर रखा जाता था ताकि वे कहीं भाग न सकें. ग्रामीणों ने तुरंत इसकी सूचना पुलिस और चाइल्ड लाइन को दी, जिसके बाद सभी बच्चों को इलाज और सुरक्षा के लिए भेजा गया.

Advertisement

मदरसे से भागकर पहुंचे बच्चे, खुली कथित क्रूरता की परतें

स्थानीय लोगों के अनुसार, चारों बच्चे किसी तरह मौका पाकर मदरसे से भाग निकले और लंबे समय तक पैदल चलते रहे. धूप और भूख से परेशान बच्चों की हालत बेहद खराब थी. ग्रामीणों ने उन्हें पानी और खाना दिया और उनकी बात सुनकर हैरान रह गए.

बच्चों ने यह भी आरोप लगाया कि विरोध करने पर उन्हें डंडों से पीटा जाता था और कई बार शारीरिक प्रताड़ना भी दी जाती थी. बच्चों के शरीर पर चोट के निशान भी पाए गए हैं, जिसे देखकर ग्रामीणों में आक्रोश फैल गया. इसके बाद तत्काल पुलिस को सूचना दी गई और मामले ने गंभीर रूप ले लिया.

ग्रामीणों का कहना है कि बच्चों के साथ जो हुआ वह अमानवीय है और इसकी निष्पक्ष जांच होनी चाहिए. लोग पूरे मदरसे की जांच की मांग कर रहे हैं ताकि सच्चाई सामने आ सके.

पुलिस जांच में जुटी, मौलाना कदीर पर FIR दर्ज

सूचना मिलने पर बहादुरपुर थाना पुलिस और चाइल्ड लाइन की टीम मौके पर पहुंची. पुलिस ने बच्चों से पूछताछ और उनका मेडिकल परीक्षण कराया. इसके बाद सभी को बाल गृह भेज दिया गया है ताकि उनकी सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके.

पुलिस के अनुसार, पुलिस अवर निरीक्षक सह बाल कल्याण पदाधिकारी अबुजर हुसैन की लिखित शिकायत पर मौलाना कदीर के खिलाफ विभिन्न धाराओं में प्राथमिकी दर्ज की गई है. मामले की जांच शुरू कर दी गई है और सभी आरोपों की सत्यता की जांच की जा रही है.

Advertisement

पुलिस अधिकारियों ने बताया कि प्रारंभिक जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी. वहीं, स्थानीय प्रशासन ने कहा है कि बच्चों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है और पूरे मामले की गंभीरता से जांच होगी.

---- समाप्त ----

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement
Latest News in Hindi »