नागा पीपुल्स फ्रंट (NPF) नागालैंड, मणिपुर और अरुणाचल प्रदेश में एक क्षेत्रीय राजनीतिक दल है. इसने 2003 से 2018 तक नागालैंड के डेमोक्रेटिक अलायंस के हिस्से के रूप में भारतीय जनता पार्टी के साथ नागालैंड सरकार का नेतृत्व किया. एनपीएफ मणिपुर में एन. बीरेन सिंह मंत्रालय के नेतृत्व वाली भाजपा सरकार का गठबंधन भागीदार है. पार्टी रूढ़िवादी ईसाई धर्म में भी विश्वास करती है और इसे प्रोत्साहित भी करती है.
अपोंग पोन्गेनर पार्टी के अध्यक्ष हैं. अवांगबो न्यूमाई मणिपुर में पार्टी की राज्य इकाई के अध्यक्ष हैं जबकि लोसी दिखो मणिपुर विधानसभा में एनपीएफ के विधायक दल के नेता हैं. नागालैंड के एकमात्र निर्वाचन क्षेत्र से लोकसभा सदस्य नेफ्यू रियो 16 जनवरी 2018 तक पार्टी के नेता थे. टी आर जेलियांग 29 अप्रैल 2022 तक पार्टी के नेता बने. वर्तमान पार्टी नेता कुझोलुजो निएनु हैं (Naga People's Front).
22 मार्च 2004 को एनपीएफ ने नागालैंड डेमोक्रेटिक पार्टी को समाहित कर लिया.
मणिपुर के कांगपोकपी में फिर हिंसा का मामला सामने आया है. इस दौरान नागा समुदाय के चार सदस्यों की हत्या हो गई और एक व्यक्ति के गंभीर घायल है. सुरक्षा बल मौके पर पहुंचकर तलाशी अभियान चला रहे हैं और हिंसा के बाद से लापता हुए एक व्यक्ति को खोज रहे हैं.
मणिपुर में कुकी और नागा समुदायों के बीच खूनखराबा एक महीने से चल रहा है. अगवा किए गए छह नागा युवकों की लाशें मिलने से बदले की आग एक बार फिर भड़क गई है. लेकिन, इस हिंसा में एक ऐसा ‘धार्मिक एंगल’ है, जिसके चलते कोई आवाज नहीं उठा रहा है. संघर्ष वाले इलाकों में महिलाओं के फ्रंटलाइन में आने से सुरक्षा बल भी संभलकर चल रहे हैं.
मणिपुर के कांगपोकपी में हथियारबंद लोगों ने पानी की पाइपलाइन की मरम्मत कर रहे नागा ग्रामीणों पर अंधाधुंध फायरिंग की. इस घटना से नागा और कुकी समुदायों के बीच तनाव और बढ़ गया है. पुलिस ने हमलावरों की पहचान कुकी नेशनल फ्रंट (प्रेसिडेंशियल) के कैडर के रूप में की है.