दक्षिणी दिल्ली नगर निगम ने अनधिकृत कॉलोनियों के रिहायशी और व्यावसायिक संपत्ति मालिकों का साल 2004 से बकाया कर माफ कर दिया. जबकि दो साल के लिए संपत्ति कर का भुगतान करना होगा. लेकिन इसमें खास बात यह है कि इस योजना की अंतिम तारीख 30 जुलाई 2020 ही निर्धारित की गयी है.
महापौर अनामिका ने कहा कि रिहायशी और वाणिज्यिक संपत्ति धारकों को केवल दो साल (यानी 2019-20 और 2020-21) के लिए संपत्ति कर का भुगतान करना होगा. वर्ष 2004 से बकाया संपत्ति कर पूरी तरह से माफ कर दिया जाएगा. ये भी ऐलान हुआ कि सभी संपत्तियों के देय संपत्ति कर भुगतान पर ब्याज, जुर्माने अन्य शुल्क की शत-प्रतिशत राशि माफ की जाती है. कमाल की बात ये है कि इस आम माफी योजना की आखिरी तारीख 30 जुलाई 2020 है.
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आपको बता दें कि कि पहले यह निर्णय लिया गया था कि रिहायशी संपत्तियों को दो साल का और व्यसायिक संपत्तियों को तीन साल का संपत्ति कर जमा कराना होगा. लेकिन अब व्यावसायिक संपत्ति मालिकों को भी केवल दो वर्ष का ही संपत्ति कर देना होगा.
स्थायी समिति के अध्यक्ष राजदत्त गहलोत ने कहा कि नागरिक ऑनलाइन माध्यम और कार्यालय में जाकर भी संपत्ति कर जमा करवा सकते हैं. ऑनलाइन कर जमा करवाने के लिए इस वर्ष एक नई वेबसाइट भी विकसित की गई है. उन्होंने बताया कि सभी जोन में संपत्ति कैंप का भी आयोजन किया जा रहा है.