संसद पर आतंकी हमले का खतरा हमेशा मंडराता रहता है. इसके मद्देनजर इसकी सुरक्षा के लिए समय-समय पर जरूरी इंतजाम किए जाते हैं. संसद की सुरक्षा में तैनात सीआरपीएफ ने आधुनिक तकनीक से लैस क्विक एक्शन टीम (क्यूएरटी) को तैयार किया है. इसके लिए खास तरीके की गाड़ी भी सीआरपीएफ ने हाल ही में खरीदी है. सूत्रों ने आज़तक को जानकारी दी है कि संसद की सुरक्षा को और बेहतर करने के लिए 8 बुलेट प्रूफ़ गाड़ियां खरीदी गई हैं, जिनको अलग-अलग ख़ुफ़िया जगहों पर तैनात किया जाएगा.
जवानों को मिलेंगी कई सुविधाएं
इन बुलेट प्रूफ़ गाड़ियों में 24×7 स्पेशल ट्रेंड कमांडों तैनात किए जाएंगे, जो ख़ास तरीके के हथियारों से लैस होंगे. इस ख़ास बुलेट प्रूफ गाड़ी को महिंद्रा ने डिजाईन किया है, जिसमें एक साथ 6 से 8 जवान तेजी से मूवमेंट कर सकते हैं. बता दें कि सीआरपीएफ के पास पहले से ही कई गाड़ियां क्विक एक्शन टीम के तौर पर थी, लेकिन ये गाड़ियां पुरानी हो गई थी. इसमें न तो एयर कंडीशन था और न ही इसमें ज्यादा लोग बैठ सकते थे. अब इन नई गाड़ियों में वो सब होगा जिससे जवान बिना किसी कष्ट के ज्यादा देर तक रह कर संसद की निगरानी कर सकते हैं.
इमरजेंसी सायरन बजने से मच गया था हड़कम्प
संसद हमेशा से सुरक्षा के लिहाज से काफी सेंसिटिव रहा है. 13 दिसंबर 2001 को आतंकी हमले के बाद से यहां की सुरक्षा 24 घंटे चाक चौबंद रहती है. यही वजह है कि मंगलवार सुबह उस वक्त अचानक संसद परिसर में हड़कंप मच गया, जब गेट पर लगे बैरियर को गाड़ी के टच होने से इमरजेंसी सायरन अचानक बज उठा. इसकी वजह से थोड़ी देर के लिए संसद के तमाम सुरक्षाकर्मी अचानक अलर्ट हो गए. इस दौरान सीआरपीएफ की क्विक रिएक्शन टीम भी एक्टिव हो गई थी. हालांकि जल्द ही सायरन बजना बंद हो गया और बाद में पता चला कि ऐसी कोई दुर्घटना नहीं घटी थी, जिसकी वजह से संसद की सुरक्षा को कोई खतरा पैदा हुआ हो.