दिल्ली के मशहूर बाजारों में से एक सरोजिनी नगर मार्केट में आज दुकानें तो हर रोज की तरह ही खुली रही, लेकिन भारत बंद का असर बाजार के दुकानदारों पर भी देखने को मिला. सरोजिनी नगर मार्केट के दुकानदारों ने काली पट्टी बांधकर किसानों के भारत बंद को अपना समर्थन दिया.
सरोजिनी नगर मार्केट के दुकानदारों ने कहा कि बाजार को बंद करके आम लोगों की दिक्कतों को वह बढ़ाना नहीं चाहते थे इसलिए उन्होंने दुकानें खुली रखी है. साथ ही किसानों को समर्थन देने के लिए उन्होंने अपनी बांह पर काली पट्टी बांधी है.
सरोजिनी नगर मार्केट के दुकानदारों की तरफ से किसानों के समर्थन में और सरकार पर किसानों की मांगों को मानने के लिए दबाव डालने का ये एक सांकेतिक विरोध का जरिया था. सरोजिनी नगर मिनी मार्केट ट्रेडर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष अशोक रंधावा ने आजतक को बताया कि बाजार को पूरी तरह से बंद करने पर आम लोगों को जरूरत का सामान नहीं मिल पाता.
अशोक रंधावा ने कहा कि दुकानदारों को पहले से ही कोरोना के चलते काफी आर्थिक नुकसान का सामना करना पड़ रहा है. इसीलिए सभी दुकानदारों ने आपस में विचार-विमर्श करके यह तय किया कि बाजार को बंद नहीं किया जाएगा बल्कि दुकानों को खोल कर काली पट्टी बांधकर अपना विरोध प्रदर्शन किया जाएगा.
सरोजिनी नगर मार्केट की तरह ही कमोबेश दिल्ली के सभी बाजार चाहे वह सदर हो, लाजपत नगर या फिर कनॉट प्लेस खुले दिखे. हालांकि मार्केट में ग्राहकों की संख्या कम ही दिखी. सरोजिनी नगर मार्केट में जूतों और बैग का बिजनेस करने वाले दुकानदार हिमांशु ने बताया कि इस बाजार में 60 से 70 फीसदी ग्राहक बाहर से आते हैं. ऐसे में मार्च के बाद से कोरोना और पिछले 10-12 दिनों से किसानों के प्रदर्शन के चलते बाहर से ग्राहकों का आना बंद हो गया है.