लोकसभा चुनाव के पहले चरण के मतदान में कुछ ही दिन बचे हैं. इसको लेकर सभी पार्टियां जोर-शोर से तैयारियों में जुटी हैं. सीट शेयरिंग और उम्मीदवारों के नामों का ऐलान भी लगभग हो चुका है. इस कड़ी में महाराष्ट्र में महा विकास अघाड़ी में भी सीट शेयरिंग पर मुहर लग चुकी है और इसका ऐलान भी कर दिया गया है. लेकिन इस बीच अब राज्य में कांग्रेस पार्टी के भीतर सबकुछ ठीक नजर नहीं आ रहा है.
लोकसभा चुनाव में सीट शेयरिंग को लेकर मुंबई कांग्रेस में नाराजगी देखने को मिल रही है. यही कारण है कि मुंबई कांग्रेस अध्यक्ष और विधायक वर्षा गायकवाड़ बुधवार को पार्टी की निर्धारित बैठक में नहीं पहुंचीं. इस दौरान मुंबई कांग्रेस पार्टी के अन्य नेता और कार्यकर्ता तो पहुंचे लेकिन गायकवाड़ नदारद रहीं. इतना ही नहीं, जब उन्हें फोन किया गया तो उन्होंने किसी का फोन भी नहीं उठाया. यानी इस पूरे समय वह 'नॉट रीचेबल'. इसके बाद मुंबई में कांग्रेस की निर्धारित प्रेस कॉन्फ्रेंस भी रद्द कर दी गई.
दरअसल, मुंबई कांग्रेस अध्यक्ष वर्षा गायकवाड़ दक्षिण मध्य लोकसभा सीट से चुनाव लड़ने की इच्छा जता चुकी थीं. उन्होंने इस संबंध में केसी वेणुगोपाल से बात भी की थी. लेकिन सीट शेयरिंग में दक्षिण मध्य सीट उद्धव ठाकरे की शिवसेना के खाते में चली गई और यहां से यूबीटी सेना ने उम्मीदवार भी घोषित कर दिया. माना जा रहा है कि इसी से नाराज वर्षा गायकवाड़ पार्टी की बैठक में नहीं पहुंचीं.
महा विकास अघाड़ी में गठबंधन के तहत शिवसेना-यूबीटी को 21, कांग्रेस को 17 और शरद पवार की एनसीपी को 10 सीटें मिली हैं. इसके बाद मंगलवार को उम्मीदवारों को बंटवारे की घोषणा के बाद मुंबई कांग्रेस अध्यक्ष वर्षा गायकवाड ने खुलकर अपनी नाराजगी जाहिर की थी. उन्होंने कहा था कि कांग्रेस को वे सीटें नहीं दी गईं, जहां जीत हो सकती है. सीट शेयरिंग में सिर्फ वे सीटें दी गईं, जहां पार्टी मजबूत नहीं है.
बता दें कि महाराष्ट्र की 48 लोकसभा सीटों पर पांच चरणों में मतदान होना है. कांग्रेस उम्मीदवारों के चुनाव प्रचार के लिए राहुल गांधी 13 अप्रैल को महाराष्ट्र में रैली करेंगे. वहीं प्रियंका गांधी 15 अप्रैल को चंद्रपुर में प्रचार करेंगी. बताया जा रहा है कि 13 अप्रैल को ही वर्षा गायकवाड़ समेत अन्य नाराज नेता राहुल गांधी से मुलाकात कर इस पर चर्चा करेंगे.