RBI ने वसूली के दौरान अधिग्रहित अचल संपत्तियों को लेकर नए नियम जारी किए हैं. अब बैंक जब्त प्रॉपर्टी डिफॉल्टर या उससे जुड़े पक्षों को दोबारा नहीं बेच सकेंगे. साथ ही ऐसी संपत्तियों के निपटान के लिए नई समयसीमा भी तय की गई है. इन संपत्तियों को बैंकों की बैलेंस शीट में अलग श्रेणी में दर्शाया जाएगा और इन्हें NPA के नियमित आंकड़ों से अलग रखा जाएगा.