Kitchen Vastu: क्या आप जानते हैं कि आपकी रसोई में रखे मसाले और डिब्बे सिर्फ पेट भरने के काम नहीं आते, बल्कि इनका सीधा कनेक्शन आपकी कुंडली के ग्रहों से होता है? वास्तु शास्त्र और ज्योतिष विज्ञान के अनुसार, किचन का हर एक मुख्य अनाज किसी न किसी बड़े ग्रह का प्रतिनिधित्व करता है. जब भी रसोई के डिब्बों में से ये खास चीजें पूरी तरह खत्म होती हैं, तो घर में गंभीर ग्रह दोष और कंगाली दस्तक देने लगती है. इससे मां लक्ष्मी और अन्नपूर्णा दोनों नाराज हो जाती हैं. आइए जानते हैं ऐसी 5 चीजें, जिन्हें डिब्बे में कभी खाली नहीं होने देना चाहिए.
1. आटा
आटा हर भारतीय घर के मुख्य भोजन का आधार है. वास्तु के अनुसार, आटा व्यक्ति और परिवार के सामाजिक मान-सम्मान का प्रतिनिधित्व करता है.
यदि किचन के कनस्तर से आटा पूरी तरह खत्म हो जाता है, तो इससे न केवल आर्थिक तंगी की संभावना बढ़ती है, बल्कि समाज में प्रतिष्ठा पर भी विपरीत असर पड़ता है. डिब्बा पूरी तरह खाली होने से पहले ही नया स्टॉक लाकर उसमें भर दें.
2. हल्दी
धार्मिक और औषधीय दृष्टिकोण से हल्दी को बेहद पवित्र और मंगलकारी माना गया है. ज्योतिष शास्त्र में इसका संबंध देवगुरु बृहस्पति से है, जो भाग्य, ज्ञान और समृद्धि के कारक हैं. रसोई में हल्दी का डिब्बा खाली होना कुंडली में गुरु दोष को जन्म देता है. इससे बनते काम बिगड़ने लगते हैं और शुभ कार्यों में रुकावटें आती हैं. घर में सुख-सौभाग्य बनाए रखने के लिए हल्दी खत्म होने का इंतजार न करें.
3. नमक
नमक के बिना भोजन का स्वाद अधूरा है, वास्तु में इसका स्थान बहुत बड़ा है. नमक का संबंध राहु-केतु और शुक्र ग्रह से माना जाता है. यह घर की नकारात्मक ऊर्जा को सोखने (Absorb) का काम करता है. यदि रसोई का नमक पूरी तरह साफ हो जाए, तो घर में गंभीर वास्तु दोष पैदा होता है, जिससे धन का संचय रुक जाता है और कर्ज की स्थिति बनने लगती है. हमेशा नमक खत्म होने से एक-दो दिन पहले ही नया पैकेट खरीद लें.
4. चावल
पूजा-पाठ में अक्षत (चावल) का विशेष महत्व है, जिसका अर्थ ही है जो कभी क्षत या नष्ट न हो. चावल का संबंध भौतिक सुख-सुविधाओं के स्वामी शुक्र ग्रह और माता लक्ष्मी से है.रसोई में चावल का पात्र खाली होना घर में ऐश्वर्य, वैभव और सुख-साधनों की कमी को दर्शाता है. आर्थिक स्थिरता के लिए चावल के पात्र में हमेशा थोड़ा चावल बचा कर रखें.
5. सरसों का तेल
रसोई में इस्तेमाल होने वाला सरसों का तेल न्याय के देवता शनि देव से संबंधित है.
यदि किचन में खाना बनाते समय अचानक तेल पूरी तरह खत्म हो जाए, तो इसे शनि दोष का कारण माना जा सकता है. इससे परिवार के सदस्यों के कार्यों में अड़चनें आती हैं, भाग्य का साथ छूटना शुरू होता है और बेवजह के खर्चे बढ़ते हैं.शनिवार के दिन विशेष रूप से ध्यान रखें कि घर में सरसों का तेल पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध हो.
विशेष वास्तु नोट: रसोईघर को हमेशा साफ-सुथरा रखें. रात को सिंक में जूठे बर्तन छोड़ना और इन 5 मुख्य सामग्रियों के डिब्बों को पूरी तरह खाली कर देना, घर में दरिद्रता को आमंत्रण देता है. समृद्धि के लिए डिब्बे खाली होने से पहले ही उन्हें दोबारा भरने करने की आदत डालें.
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