INX केस: पी चिदंबरम की जमानत याचिका पर दिल्ली हाईकोर्ट ने फैसला किया सुरक्षित

दिल्ली हाईकोर्ट में शुक्रवार को पूर्व वित्त मंत्री पी चिदंबरम की ज़मानत याचिका पर सुनवाई हुई, जिसके बाद कोर्ट ने अपना फैसला सुरक्षित कर लिया. पी चिदंबरम की ओर से अदालत में वरिष्ठ वकील कपिल सिब्बल ने दलीलें रखीं. सिब्बल ने अदालत में कहा कि पी. चिदंबरम कभी इंद्राणी मुखर्जी से नहीं मिले, इस बात को पीटर मुखर्जी ने भी स्वीकारा है.

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पूर्व वित्त मंत्री पी. चिदंबरम (फाइल फोटो) पूर्व वित्त मंत्री पी. चिदंबरम (फाइल फोटो)

पूनम शर्मा

  • नई दिल्ली,
  • 27 सितंबर 2019,
  • अपडेटेड 6:41 PM IST

  • INX मीडिया केस में दिल्ली HC में सुनवाई
  • CBI ने किया चिदंबरम को जमानत देने का विरोध
  • 3 अक्टूबर तक न्यायिक हिरासत में हैं चिदंबरम

दिल्ली हाईकोर्ट ने पूर्व केंद्रीय वित्त मंत्री पी चिदंबरम की जमानत याचिका पर फैसला सुरक्षित कर लिया है. शुक्रवार को पूर्व वित्त मंत्री पी. चिदंबरम की ज़मानत याचिका पर सुनवाई हुई और चिदंबरम की ओर से अदालत में वरिष्ठ वकील कपिल सिब्बल ने दलीलें रखी. सिब्बल ने अदालत में कहा कि पी. चिदंबरम कभी इंद्राणी मुखर्जी से नहीं मिले, इस बात को पीटर मुखर्जी ने भी स्वीकारा है.

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आपको बता दें कि और 3 अक्टूबर तक न्यायिक हिरासत में हैं. शुक्रवार को जब सुनवाई शुरू हुई तो कपिल सिब्बल ने हाईकोर्ट में कहा कि सीबीआई कस्टडी के दौरान चिदंबरम से कहा गया कि पीटर मुखर्जी हमसे मिले हैं, इंद्राणी से नहीं मिले. आप इसके लिए विजिटर्स बुक भी चेक कर सकते हैं.

अदालत में सीबीआई का पक्ष रख रहे सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने कहा कि ये मामला मनी लॉन्ड्रिंग का क्लासिक उदाहरण है, इसी वजह से अग्रिम जमानत याचिका को खारिज किया गया था.

तुषार मेहता ने कहा कि अगर अदालत पी. चिदंबरम को जमानत देती है तो गवाह प्रभावित हो सकते हैं. हम इसलिए आपके सामने वो सामग्री रख रहे हैं जो हमने जांच और सर्च में हासिल की हैं.

सीबीआई की ओर से कहा गया कि मार्च 2007 में पीटर मुखर्जी और इंद्राणी एक तीसरे व्यक्ति के साथ पी. चिदंबरम से मिले, इंद्राणी और पीटर मुखर्जी होटल ओबरॉय में ठहरे थे. होटल की गाड़ी का ही इस्तेमाल आने-जाने में किया. पी. चिदंबरम की विजिटर डायरी के साथ छेड़छाड़ हुई है.

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तुषार मेहता ने कहा कि FIPB ने INX मीडिया को 46 फीसदी शेयर के एवज में 4.62 करोड़ का विदेशी निवेश लाने की अनुमति दी थी, लेकिन इसके बदले 305 करोड़ लाए गए थे. गौरतलब है कि इंद्राणी मुखर्जी जो इस मामले में आरोपी थीं वह अब सरकारी गवाह बन चुकी हैं, उन्होंने जज के सामने बयान भी दिया था.

क्या है INX मीडिया केस?

आपको बता दें कि ये मामला 2007 का है, जब पी. चिदंबरम यूपीए-2 सरकार में वित्त मंत्री थे. पूर्व वित्त मंत्री के अलावा CBI इस मामले में उनके बेटे कार्ति चिदंबरम को भी गिरफ्तार कर चुकी है जो फिलहाल जमानत पर हैं.

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