जम्मू-कश्मीर के रियासी जिले में एक स्कूल ने ईद की बधाई वाला एक पोस्टर सोशल मीडिया पर डाला. उस पोस्टर में गाय की तस्वीर थी. बस इसी से बड़ा बवाल खड़ा हो गया. हिंदू संगठन भड़क गए, माफी मांगी गई, लेकिन विवाद थमने का नाम नहीं ले रहा.
रियासी जिले में प्रेजेंटेशन कॉन्वेंट हाई स्कूल नाम का एक स्कूल है. इस स्कूल ने ईद के मौके पर बधाई देने के लिए एक पोस्टर बनाया और उसे अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर डाल दिया. पोस्टर में कुछ जानवरों की तस्वीरें थीं, जिनमें गाय भी शामिल थी.
जैसे ही यह पोस्टर लोगों की नजर में आया, हंगामा शुरू हो गया. हिंदू संगठनों ने इस पर कड़ा एतराज जताया. उनका कहना था कि गाय हिंदुओं के लिए पवित्र होती है और ईद के मौके पर गाय की तस्वीर वाला पोस्टर डालना हिंदू समाज की भावनाओं को ठेस पहुंचाना है.
इतना ही नहीं, हिंदू संगठनों ने यह भी आरोप लगाया कि इस तरह का पोस्टर डालकर स्कूल ने जैसे गाय की हत्या को बढ़ावा देने जैसा काम किया. उन्होंने स्कूल मैनेजमेंट के खिलाफ कार्रवाई की मांग की.
यह भी पढ़ें: गाय, "गाय, ऊंट... बकरीद पर बवाल के बीच जानिए कहां, किस जानवर पर बैन
जब मामला बड़ा होता दिखा तो स्कूल के मैनेजमेंट ने तुरंत हालात को संभालने की कोशिश की. उन्होंने रियासी में मीडिया के सामने आकर सफाई दी. स्कूल ने कहा कि जो पोस्टर बनाया गया था वह एक रेडीमेड टेम्पलेट पर बना था, यानी एक बना-बनाया डिजाइन था, जिसमें गाय की तस्वीर पहले से ही थी. स्कूल मैनेजमेंट ने कहा कि यह जानबूझकर नहीं किया गया, बल्कि गलती से हो गया.
स्कूल ने माफी मांगी और कहा कि उनका इरादा किसी की भावनाएं को आहत करने का बिल्कुल नहीं था. स्कूल की तरफ से यह भी कहा गया कि वे सभी धर्मों, आस्थाओं और विश्वासों का सम्मान करते हैं. साथ ही बताया कि जैसे ही यह पोस्टर विवादित निकला, उसे सोशल मीडिया से तुरंत हटा दिया गया. स्कूल ने आश्वासन दिया है कि आगे से ऐसी सावधानी रखी जाएगी कि कोई गलती न हो.
लेकिन हिंदू संगठन इस माफी से संतुष्ट नहीं हुए. उन्होंने स्कूल में पढ़ने वाले बच्चों के माता-पिता से कहा कि वे अपने बच्चों को इस स्कूल में न भेजें, यानी स्कूल का बॉयकॉट करें. उनका कहना है कि इस स्कूल ने हिंदू धर्म का अपमान किया है. फिलहाल मामला अभी भी गरम है और देखना होगा कि आगे क्या कार्रवाई होती है.
सुनील जी भट्ट