गुजरात के निर्दलीय विधायक भूपेंद्र सिंह खांट हुए सस्पेंड

गुजरात के आदिवासी नेता और मोरवा हडफ से निर्दलीय विधायक भूपेंद्र सिंह खांट को गुजरात विधानसभा अध्यक्ष राजेंद्र त्रिवेदी ने सस्पेंड कर दिया है. इसके खिलाफ खांट ने सुप्रीम कोर्ट जाने का फैसला लिया है.

Advertisement
भूपेंद्र सिंह खांट फाइल फोटो भूपेंद्र सिंह खांट फाइल फोटो

गोपी घांघर

  • अहमदाबाद,
  • 04 मई 2019,
  • अपडेटेड 12:10 AM IST

गुजरात के आदिवासी नेता और मोरवा हडफ से निर्दलीय विधायक भूपेंद्र सिंह खांट को गुजरात विधानसभा अध्यक्ष राजेंद्र त्रिवेदी ने सस्पेंड कर दिया है. विधानसभा अध्यक्ष के इस फैसले के खिलाफ विधायक भूपेंद्र सिंह खांट ने सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाने का निर्णय लिया है. मोरवा हडफ सीट से निर्दलीय विधायक भूपेंद्र सिंह खांट के अनुसूचित जाति के प्रमाणपत्र को लेकर सवाल खड़े किए गए थे.

Advertisement

भूपेंद्र सिंह खांट से चुनाव हारने के बाद भारतीय जनता पार्टी के उम्मीदवार विक्रम डिंडोरे ने उनके जाति प्रमाणपत्र को लेकर गुजरात हाईकोर्ट में याचिका दायर की थी. इस याचिका पर अभी भी कोर्ट में कार्यवाही चल रही है.

गुजरात विधानसभा के अध्यक्ष राजेन्द्र त्रिवेदी ने आज मोरवा हडफ के निर्दलिय विधायक को पद के लिए अयोग्य करार दिया. भूपेंद्र सिंह खांट ने इस मामले में गुजरात के राज्यपाल ओ.पी.कोहली के पास एक याचिका भेजी थी जिसे राज्यपाल ने कल खारिज कर दिया था. राज्यपाल द्वारा निर्णय लेने के बाद आज विधानसभा के अध्यक्ष राजेन्द्र त्रिवेदी ने भूपेंद्र सिंह खांट की सदस्यता रद्द करने का फैसला लिया.  

आपको बता दें कि, गुजरात हाईकोर्ट पहले ही निर्दलीय विधायक खांट के जाति प्रमाणपत्र को रद कर चुका है. इस फैसले को विधायक भूपेंद्र सिंह खांट ने गुजरात हाईकोर्ट के डिविजन बेन्च में चेलेन्ज किया है.

Advertisement

हालांकि यह पूरा मामला अभी भी कोर्ट में लंबित है. भूपेंद्र सिंह खांट का कहना है कि जब कोर्ट में मामला चल रहा है तब ऐसी स्थिति में विधानसभा अध्यक्ष किसी विधायक की सदस्यता कैसे रद्द कर सकते हैं.

इस पूरे मामले को लेकर गुजरात कांग्रेस ने आरोप लगाया है कि विधानसभा अध्यक्ष ने यह फैसला भारतीय जनता पार्टी के इशारे पर लिया है. कांग्रेस का कहना है कि भाजपा के द्वारिका से विधायक की सदस्यता हाईकोर्ट से रद्द होने के बावजुद भी विधानसभा अध्यक्ष ने उनकी सदस्यता रद्द नही की. कांग्रेस ने आरोप लगाया कि विधानसभा अध्यक्ष के नियम सिर्फ कांग्रेस ओर निर्दलीय के लिए ही हैं.

चुनाव की हर ख़बर मिलेगी सीधे आपके इनबॉक्स में. आम चुनाव की ताज़ा खबरों से अपडेट रहने के लिए करें आजतक का इलेक्शन स्पेशल न्यूज़ लेटर

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement
Latest News in Hindi »