दिल्ली: विधायक दिल के मरीज, किससे जाकर मांगे पानी?

स्थानीय निवासी मोनू राम कहते हैं, 'खराब बोरिंग की शिकायत बार-बार की गई. लेकिन कोई फायदा नहीं हुआ. विधायक कहते हैं कि वो दिल के मरीज हैं, कोई उनके पास ना आए.'

Advertisement
बूंद-बूंद पानी को तरसते दिल्ली की पंजाबी बस्ती के लोग बूंद-बूंद पानी को तरसते दिल्ली की पंजाबी बस्ती के लोग

स्मिता ओझा

  • नई दिल्ली,
  • 19 मई 2017,
  • अपडेटेड 5:50 PM IST

एमसीडी चुनाव आकर गुजर गए लेकिन वेस्ट पटेल नगर की पंजाबी बस्ती अब भी पानी के लिए तरस रही है. पिछले चार महीने से इलाके के लोगों की जिंदंगी मुश्किल दर मुश्किल होती जा रही है और स्थानीय विधायक हजारी लाल चौहान सुध लेने को तैयार नहीं हैं.


स्थानीय लोगों की मानें तो पंजाबी बस्ती को ना तो पानी की सप्लाई नसीब है और ना ही जल बोर्ड के टैंकर. अवैध कॉलोनी होने के चलते प्रशासन यहां के वाशिंदों की सुध लेने को तैयार नहीं. हालात इतने खराब हैं कि लोग प्यास बुझाने को भी तरस रहे है. यहां के ज्यादातर लोग कम आमदनी वाले तबकों से ताल्लुक रखते हैं और महीने में बस एक बार आने वाले जल बोर्ड के टैंकर के सहारे बसर कर रहे हैं. इस किल्लत के चलते बस्ती में अक्सर पानी को लेकर मारपीट की नौबत आ जाती है.

Advertisement

विधायक ने झाड़ा पल्ला
स्थानीय लोगों की मानें तो स्थानीय विधायक पानी के मसले पर ही चुनाव जीते थे. इलाके में पानी की समस्या कई सालों से चली आ रही है. बोरिंग लगाने की मांग पर कोई सुनवाई नहीं हुई है. खानापूर्ति के लिए सालों पहले एक बड़ी सी पानी की टंकी और बोरिंग लगाई गई थी. लेकिन उससे समस्या नहीं सुलझी. स्थानीय निवासी मोनू राम कहते हैं, 'खराब बोरिंग की शिकायत बार-बार की गई. लेकिन कोई फायदा नहीं हुआ. विधायक कहते हैं कि वो दिल के मरीज हैं, कोई उनके पास ना आए.'


अपनी पूरी ज़िन्दगी पंजाबी बस्ती में गुजार चुकीं परमिंदर कौर भी पानी की किल्लत से बेहद दुखी हैं. उनके घर में एक ही कमाने वाला बेटा है जो दुबई में रहता है. कौर की एक बेटी और बीमार दामाद उनके साथ रहते हैं. नल में पानी आता नही है और घर में ऐसा कोई नहीं जो टैंकर से पानी लाने की जंग लड़ सके. परमिंदर कौर पूछती हैं, 'पानी के चलते कभी किसी घर में चौबीस घंटे कलेश कहीं सुना है क्या? राजधानी है यहां पानी के लिए रोज किचकिच क्यों है? अगर मेरे हाथ मे होता तो ये घर कबका छोड़ चुकी होती'.

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement
Latest News in Hindi »