2020 में एक्टर सुशांत सिंह राजपूत के निधन ने पूरी बॉलीवुड इंडस्ट्री को शॉक कर दिया था. अब सीनियर एक्टर परेश रावल ने बताया है कि सुशांत के मामले में जो कुछ हुआ उसे देखकर उनका क्या रिएक्शन था. एक ताजा बातचीत में परेश ने सुशांत की मौत के बाद हुई मीडिया कवरेज को 'तमाशा' बताते हुए कहा कि उन्हें इससे 'नफरत' हो गई थी.
वो इस बारे में बात कर रहे थे कि कोविड 19 के चलते लगे लॉकडाउन के दौर में वो टीवी न्यूज चैनलों से क्यों दूर थे. परेश ने कहा, 'बीपी की वजह से भाई.' 14 जून 2020 को सुशांत सिंह राजपूत के निधन की पूरी कवरेज की बात करते हुए परेश ने कहा कि लॉकडाउन के दौरान यह मामला एक तरह के मीडिया तमाशे में बदल गया था. उन्होंने दो टूक कहा, 'सुशांत सिंह वाला जो सर्कस था, वो तो... मुझे उससे नफरत हो गई थी.'
बातचीत में परेश रावल ने अपने राजनीतिक सफर पर भी बात की. 2014 में अहमदाबाद ईस्ट से सांसद बनने वाले परेश ने अपने वर्कलोड और लगातार ट्रैवल करने का हवाला देते हुए कहा कि राजनीति की रियलिटी, उनकी उम्मीदों पर खरी नहीं उतरी.
उन्होंने कहा, 'मैंने (पॉलिटिक्स) इसलिए छोड़ दी कि मेरा काम नहीं है.' उन्होंने बताया कि वह एक सीमित उद्देश्य से राजनीति में आए थे, लेकिन उनका मानना है कि राजनीति एक अच्छा पेशा है जिसमें पूरी तरह कमिटमेंट करना पड़ता है. परेश ने आगे कहा, 'ये समझ लो कि अब जाकर मेरा क्राफ्ट के ऊपर थोड़ा-बहुत कंट्रोल आया है.'
परेश रावल ने कहा कि राजनीति में रहते हुए उनकी सबसे बड़ी चिंता ऐसे वादे करना था, जिन्हें वो पूरा नहीं कर सकते थे, क्योंकि उन्हें इस सिस्टम की बहुत लिमिटेड समझ थी. उन्होंने कहा, 'मैं बोलूंगा- करता हूं, करता हूं. 2-3 बार मैं झूठ बोलूंगा, लेकिन इससे अपने अंदर से मैं एक झूठा आदमी बन रहा हूं.' परेश ने कहा कि अगर वो ऐसा करते रहते, तो इसका असर एक्टर के तौर पर उनकी ईमानदारी और क्राफ्ट पर भी पड़ता.
राजनीति से दूरी बनाने के बाद परेश रावल अब पूरी तरह एक्टिंग पर फोकस कर रहे हैं. वो इस साल दो बड़ी कॉमेडी हिट्स भूत बंगला और वेलकम टू द जंगल में नजर आ चुके हैं. साथ ही उन्होंने नेटफ्लिक्स पर आई फिल्म मां बहन में एक स्पेशल कैमियो भी किया था.
आजतक एंटरटेनमेंट डेस्क