अगर आप भी पोस्ट ऑफिस स्कीम्स को पसंद करते हैं और बिना रिस्क लिए PPF जैसी योजनाओं में निवेश करना चाहते हैं या फिर करते हैं तो आपको 5 अप्रैल से पहले ये काम निपटा लेना चाहिए. नहीं तो भरी नुकसान हो सकता है. आइए जानते हैं... (Photo: Pixabay)
पब्लिक प्रोविडेंट फंड (PPF) एक लॉन्गटर्म सरकारी योजना है, जो टैक्स छूट के साथ ही अच्छा ब्याज भी प्रोवाइड कराता है. PPF पर मिलने वाला ब्याज टैक्स-फ्री होता है. अप्रैल से जून 2026 तिमाही के लिए PPF योजना पर ब्याज दर 7.1 फीसदी है. (Photo: Pixabay)
अगर आप नया निवेश शुरू कर रहे हैं तो 5 अप्रैल से पहले आपको अपना पीपीएफ खाता खोल लेना चाहिए और पूरे साल का ब्याज पाने के लिए 1.5 लाख रुपये का निवेश करना चाहिए. कारोबारी साल की शुरुआत में किया गया छोटा निवेश, समय के साथ बड़ी रकम में बदल सकत है. (Photo: ITG)
पीपीएफ में ब्याज की कैलकुलेशन हर महीने 5 तारीख और महीने के अंत के बीच कम से कम बैलेंस के आधार पर होता है. इसका मतलब है कि अगर आप 1 से 5 अप्रैल के बीच पैसा जमा करते हैं तो आपको पूरे महीने का इन्टरेस्ट मिलता है. (Photo: Pixabay)
अगर आपने 6 अप्रैल को निवेश करते हैं तो उस महीने का ब्याज नहीं मिलेगा और आपकी कमाई एक महीने कम हो जाएगी. मानलीजिए आप हर साल 1.5 लाख रुपये निवेश करते हैं. 1 से 5 अप्रैल के बीच किए गए निवेश पर सालभर का ब्याज मिलेगा. यह 7.1% की दर से लगभग 10,650 रुपये होता है. (Photo: Pixabay)
अगर आप 6 अप्रैल के बाद निवेश करते हैं तो केवल 11 महीने का ब्याज मिलेगा, जो करीब 9,763 रुपये होगा. इसका मतलब है कि सिर्फ एक दिन की देरी से 887 रुपये का नुकसान हो सकता है. (Photo: Pixabay)
इसी तरह 15 साल के पीरियड के हिसाब से देखें तो अगर आप हर साल 1 से 5 अप्रैल के बीच निवेश करते हैं तो आपको कुल 22.5 लाख रुपये का निवेश करीब 40.68 लाख रुपये हो जाएगा, लेकिन अगर आप हर साल देरी से निवेश करते हैं तो करीब 37.80 लाख रुपये तक ही जमा कर पाएंगे.इसका मतलब है कि करीब 3 लाख रुपये का नुकसान हो सकता है. (Photo: Pixabay)