Stock Market Crash: शेयर बाजार में निवेश करने वालों के लिए बुधवार का दिन बेहद खराब साबित हुआ. गिरावट के साथ खुले सेंसेक्स-निफ्टी कारोबार के आखिरी घंटे में देखते ही देखते क्रैश हो गया. BSE Sensex 1677 अंक, तो वहीं NSE Nifty सेंसेक्स के कदम से कदम मिलाकर चलते हुए 516 अंक का गोता लगाकर बंद हुआ.इस बीच Reliance, HDFC Bank, IndiGo, TCS समेत तमाम दिग्गज कंपनियों के शेयर ताश के पत्तों की तरह बिखरे हुए नजर आए और निवेशकों के झटके में करीब 9 लाख करोड़ रुपये डूब गए.
आर-पार के मूड में आए ट्रंप
शेयर बाजार में ये कोहराम (Stock Market Bloodbath) अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के ईरान पर बदले रुख के बाद देखने को मिला है. मंगलवार तक होर्मुज में मिसाइल अटैक के बावजूद ये खबरें चर्चा में थीं कि US-Iran जल्द शांति वार्ता पर बैठक करने वाले हैं, लेकिन बुधवार को पहले Hormuz Strait में ईरानी हमलों पर अमेरिका ने पलटवार किया और उसके बाद राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ऐसा बयान दे दिया कि कच्चे तेल की कीमतों में आग लग गई, जबकि दूसरी ओर शेयर बाजार में सुनामी आ गई.
Donald Trump ईरान को लेकर आर-पार के मूड में नजर आए. उन्होंने कहा कि ईरान के साथ शांति वार्ता पर बातचीत सिर्फ समय की बर्बादी मात्र है और मैं ईरान के साथ अब किसी भी तरह की नई डील नहीं करना चाहता हूं. उसके साथ समझौते का दौर अब खत्म हो चुका है. सिर्फ ईरान ही नहीं, बल्कि ट्रंप ने नाटो, ग्रीनलैंड और स्पेन को लेकर तीखी टिप्पणियां की हैं. इससे एक बार फिर सवाल उठने लगे हैं कि क्या मिडिल ईस्ट में जंग तेज होने वाली है? इस डर से बाजार का सेंटीमेंट खराब हो गया.
इधर ट्रंप का बयान, उधर बाजार में कोहराम
भारतीय शेयर बाजार में डोनाल्ड ट्रंप के ईरान पर दिए बयान का तत्काल असर देखने को मिला. आखिरी कारोबारी घंटे में शेयर मार्केट देखते ही देखते क्रैश हो गया. सेंसेक्स 1900 अंक से ज्यादा, जबकि निफ्टी 560 अंक से ज्यादा फिसल गया. हालांकि, बाजार बंद होने पर BSE Sensex 1677 अंक या 2.15 फीसदी फिसलकर 76,503 पर क्लोज हुआ, तो NSE Nifty 516 अंक की गिरावट लेकर 23,882 पर बंद हुआ.
निवेशकों के 8 लाख करोड़ डूबे
शेयर बाजार में आई इस बड़ी गिरावट के चलेत निवेशकों को तगड़ा नुकसान उठाना पड़ा. इसका अंदाजा बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज पर लिस्टेड कंपनियों की मार्केट वैल्यू में आई गिरावट के आंकड़े को देखकर लगाया जा सकता है. बीते कारोबारी दिन मंगलवार को BSE MCap 480,20 लाख करोड़ रुपये दर्ज किया गया था, तो बुधवार की गिरावट में गिरकर 471.13 लाख करोड़ रुपये रह गया. यानी एक झटके में निवेशकों के करीब 9 लाख करोड़ रुपये स्वाहा हो गए.
ट्रंप के ऐलान का और कहां-कहां असर?
डोनाल्ड ट्रंप के ईरान पर दिए गए इस बयान का सबसे पहला असर कच्चे तेल की कीमतों पर देखने को मिला और ब्रेंट क्रूड की कीमत एक झटके में 6.75 फीसदी की बड़ी उछाल के साथ 79 डॉलर पर पहुंच गई. तेल की कीमतों में आग ने महंगाई के जोखिम को बढ़ाने का काम किया और इस डर से शेयर मार्केट भी सहम गया.
उछल गया बाजार के डर का पैमाना
शेयर बाजार में डर का पैमाना माने जाने वाले सूचकांक इंडिया वीआईएक्स (India VIX) अचानक 15 के स्तर को पार कर गया. ये आंकड़ा शेयर बाजार निवेशकों के बीच बढ़ती अनिश्चितता और जोखिम सेंटीमेंट में बढ़ोतरी का सिग्नल देता है. इसके अलावा भारतीय रुपये में भी गिरावट आई है.
मिडिल ईस्ट में युद्ध फिर शुरू होने का डर
दुनिया की कुल तेल जरूरत के 20 फीसदी को पूरा करने के लिए अहम होर्मुज स्ट्रेट में फिर से हमले और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के ईरान को लेकर दिए गए नए बयान ने एक बार फिर ग्लोबल टेंशन बढ़ा दी है और US-Iran में फिर से युद्ध की शुरुआत की आशंका बढ़ा दी है. अगर ऐसा होता है और होर्मुज में रुकावट आती है, तो फिर दुनिया के सामने तेल-गैस का संकट खड़ा हो सकता है.
(नोट- शेयर बाजार में किसी भी निवेश से पहले अपने मार्केट एक्सपर्ट की सलाह जरूर लें.)
आजतक बिजनेस डेस्क