अमेरिका की कंपनी कोका-कोला अब भारत में लिस्ट होने की तैयारी कर रही है. कंपनी भारत में हिंदुसन कोका-कोला होल्डिंग्स का IPO लाने के बारे में सोच रही है. कोका-कोला ने 1 जून को इस बारे में जारी दी. हिदुस्तान कोका-कोला अगले साल BSE और NSE पर लिस्ट हो सकते हैं और कंपनी आईपीओ के जरिए अपनी कुछ हिस्सेदारी बेच सकती है.
अमेरिकी कंपनी Coca-Cola की हिंदुस्तान कोका-कोला में अभी 60 फीसदी हिस्सेदारी है. हिंदुस्तान कोका-कोला भारत में कोका-कोला के सबसे बड़े बॉटलर की कंपनी है. जुबिलेंट भरतिया ग्रुप ने 2025 में हिंदुस्तान कोका-कोला में 40 फीसदी हिस्सेदारी खरीदी थी. अभी भारत में सॉफ्ट ड्रिंक के मार्केट में इस कंपनी की मजबूत पकड़ है.
भारतीय कोका कोला की शुरुआत 1997 में हुई थी. भारत के 10 राज्यों में इसके 14 बॉटलिंग प्लांट्स हैं और यह इंडिया में कोका-कोला, थंप्सअ, स्पराइट और फांटा जैसे ड्रिंक्स के ब्रांड्स की पैकेजिंग, डिस्ट्रिब्यूशन और सेल करती है. भारत और साउथ एशिया में कोका-कोला के प्रेसिडेंट संकेत रॉय ने कहा कि कोका-कोला कंपनी इस महत्वपूर्ण बॉटलर में अपना निवेश बनाए रखेगी.
कंपनी की मजबूत सेल
कंपनी का फोकस इंडिया में हमारे ग्लोबल और लोकल ब्रांड्स की ग्रोथ पर है. कोका-कोला कंपनी भारत को ग्रोथ के बड़े मार्केट के तौर पर देखती है. कंपनी की 2024 से 25 में भारत सेल्स 50,000 करोड़ रुपये की थी. यह साल 2021 के बाद सबसे बड़ा सेल्स है, लेकिन अभी कपंनी को भारत के सॉफ्ट ड्रिंक्स मार्केट में बढ़ती प्रतियोगिता का सामना करना पड़ रहा है.
कंपनी को तगड़ा झटका
रिलायंस कंज्यूमर प्रोडक्ट्स के ब्रांड कैंपा कोला के मार्केट में एंट्री से कोका-कोला को थोड़ी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है. हालांकि इसके बाद भी कंपनी की सेल अच्छी बनी हुई है और इसका कारोबार स्थिर दिख रहा है.
कितनी हो सकती है आईपीओ की वैल्यूएशन
ब्लूमबर्ग न्यूज ने पिछले साल बताया था कि आईपीओ के लिए हिंदुस्तान कोका-कोला की वैल्यूएशन 10 अरब डॉलर तक हो सकती है. कोका-कोला कंपनी ने कहा है कि उसने आईपीओ के लिए रॉथ्सचाइल्ड को एडवाइजर सेलेक्ट किया है. हालांकि अभी तक आईपीओ की डेट और अन्य चीजों का खुलासा नहीं किया गया है.
(नोट- किसी भी शेयर या आईपीओ में निवेश से पहले अपने सलाहकार की मदद जरूर लें.)
आजतक बिजनेस डेस्क