बिहार की राजधानी पटना में मंगलवार को 10 सर्कुलर रोड स्थित पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी के सरकारी आवास से सामान निकालना शुरू हो गया. इस दौरान एक पिकअप वैन में सामान लादकर उसे नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव के 1 पोलो रोड स्थित सरकारी आवास पर भेजा गया. जानकारी के अनुसार 10 सर्कुलर रोड का यह बंगला पिछले 21 सालों से पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी और उनके पति लालू प्रसाद यादव के पास रहा है. यह बंगला लंबे समय से बिहार की राजनीति का एक महत्वपूर्ण केंद्र माना जाता रहा है.
हाल ही में बिहार सरकार के भवन निर्माण विभाग ने इस बंगले को राज्य के नए मंत्री नंदकिशोर राम को आवंटित किया है. इसके साथ ही पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी को विधान परिषद में विपक्ष की नेता होने के नाते 39 हार्डिंग रोड स्थित दूसरा बंगला आवंटित किया गया है. इसके बावजूद 10 सर्कुलर रोड स्थित आवास को खाली करने की प्रक्रिया पूरी तरह से नहीं हो पाई थी. अब इसी क्रम में मंगलवार को वहां से सामान निकालकर दूसरे स्थान पर शिफ्ट किया गया. पिकअप वैन के जरिए सामान को 1 पोलो रोड स्थित तेजस्वी यादव के सरकारी आवास पर ले जाया गया.
10 सर्कुलर रोड से 1 पोलो रोड ले जाया गया सामान
1 पोलो रोड का यह आवास नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव का आधिकारिक सरकारी आवास है. सामान शिफ्टिंग के दौरान आवास परिसर में हलचल देखी गई और सामान को वाहन में लोड किया गया. सूत्रों के अनुसार 10 सर्कुलर रोड का यह आवास लंबे समय से राजनीतिक रूप से भी चर्चा में रहा है. इसे बिहार की राजनीति का एक महत्वपूर्ण केंद्र माना जाता है, जहां लंबे समय तक पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी और लालू प्रसाद यादव का निवास रहा है.
जानकारी के अनुसार 16 जून को पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी ने बिहार सरकार को एक पत्र लिखा था. इस पत्र में उन्होंने 10 सर्कुलर रोड स्थित सरकारी बंगले को खाली करने के लिए एक महीने का समय मांगा था. अपने पत्र में राबड़ी देवी ने लालू प्रसाद यादव के स्वास्थ्य का हवाला दिया था. उन्होंने यह भी बताया था कि इस बंगले में उनके परिवार द्वारा लालू प्रसाद यादव के स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए कई सुविधाएं विकसित की गई हैं.
सरकारी बंगले की शिफ्टिंग में गरमाई सियासत
उन्होंने यह भी कहा था कि यदि उन्हें अचानक यह बंगला खाली करना पड़ा तो इन सुविधाओं को दूसरे आवास में तैयार करने में समय लगेगा और इसका असर लालू प्रसाद यादव के स्वास्थ्य पर पड़ सकता है. इसके बावजूद अब 10 सर्कुलर रोड से सामान शिफ्ट किए जाने की प्रक्रिया शुरू हो गई है. सामान को गाड़ियों के माध्यम से निकालकर 1 पोलो रोड स्थित आवास पर पहुंचाया गया है. इस पूरे घटनाक्रम के बाद 10 सर्कुलर रोड का बंगला एक बार फिर चर्चा में आ गया है. यह वही आवास है जिसे बिहार की राजनीति में लंबे समय से एक महत्वपूर्ण स्थान माना जाता रहा है. फिलहाल प्रशासनिक स्तर पर आवंटन और शिफ्टिंग की प्रक्रिया से जुड़े सभी पहलुओं पर स्थिति स्पष्ट है और सामान स्थानांतरण का काम जारी है.
शशि भूषण कुमार