अमेरिका और ऑस्ट्रेलिया के साथ भारत उन चुनिंदा देशों में शामिल हो गया है जिन्होंने बायोफ्यूल से विमान उड़ाने में सफलता हासिल कर ली है. रविवार को देहरादून में पहली बार स्पाइसजेट का Bombardier Q400 विमान बायोफ्यूल के जरिए सफलतापूर्वक उड़ान भरा. एएनआई के मुताबिक, विमान देहरादून से उड़कर दिल्ली एयरपोर्ट पर पहुंचा. यहां पर केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान, नितिन गडकरी और सुरेश प्रभू मौजूद थे. इस फ्लाइट में 75 फीसदी एविएशन टर्बाइन फ्यूल और 25 फीसदी बायोफ्यूल था.
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टीओआई की रिपोर्ट के मुताबिक, इस विमान को पहले सोमवार को उड़ान भरनी थी, लेकिन एक दिन पहले ही टेक ऑफ करा दिया गया. विमान के इंधन को वेजिटेबल ऑयल्स, चीनी, एनिमल फैट, वेस्ट बायोमास से तैयार किया गया था. (प्रतीकात्मक फोटो- Getty Images)
रिपोर्ट के मुताबिक, स्पाइसजेट के चीफ स्ट्रेटजी ऑफिसर जीपी गुप्ता ने कहा कि फ्लाइट रविवार को 6.31 बजे सुबह टेक ऑफ की और 6.53 में लौट आई. उड़ान की निगरानी डीजीसीए की ओर से भी की गई. (प्रतीकात्मक फोटो- Getty Images)
इससे पहले फ्लाइट को देहरादून से दिल्ली तक उड़ाने का प्लान था. लेकिन बाद में कार्यक्रम बदल दिया गया. अमेरिका और ऑस्ट्रेलिया ने पहले ही कॉमर्शियल फ्लाइट्स में बायोफ्यूल को इंधन के तौर पर इस्तेमाल करने की टेस्टिंग की है. (प्रतीकात्मक फोटो- Getty Images)
परीक्षण के लिए काउंसिल ऑफ साइंटिफिक एंड इंडस्ट्रियल रिसर्च और देहरादून के इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ पेट्रोलियम ने 400 किलो बायो जेट फ्यूल तैयार किया था. (प्रतीकात्मक फोटो- Getty Images)