लद्दाख के पैंगोंग झील क्षेत्र में चीनी सैनिकों की बढ़ती तैनाती को भारतीय सशस्त्र बलों के शीर्ष अधिकारियों की ओर से सबसे बड़ी चिंता के तौर पर पहचान की गई है. पैंगांग झील क्षेत्र का फिंगर 4 टकराव की वो जगह है जहां दोनों पक्ष आंख में आंख डालकर देखने वाली स्थिति में हैं.
प्लैनेट लैब्स की ओर से इंडिया टुडे को मिलीं सैटेलाइट तस्वीरों का विश्लेषण मिलिट्री सैटेलाइट तस्वीर विशेषज्ञ कर्नल (रिटायर्ड) विनायक भट की ओर से विश्लेषण किया गया. उन्होंने इंगित किया कि चीनी सेना का फिंगर 4 के टॉप पर अहम रिजलाइन्स पर कब्जा हो सकता है, जहां से भारतीय पोजीशन्स पर नजर रखी जा सकती है.
सैटेलाइट तस्वीर: प्लैनेट लैब्स/ इंडिया टुडे के लिए कर्नल (रिटायर्ड) विनायक भट की ओर से व्याख्या की गई
चीनी वाहन, टेंट, बोट्स और पफ टेंट
चीनी वाहनों, तंबू और बोट्स को फिंगर 4 और फिंगर 8 के पूर्वी हिस्से को कवर करने वाली सैटेलाइट तस्वीरों में देखा गया है. लेकिन इंडिया टुडे की ओर से रिव्यू की गई ताजा तस्वीरों से एक चिंताजनक संकेत दिखता है. तस्वीरों से पता चलता है कि चीनी सैनिक छोटे पफ टेंट का उपयोग कर रहे हो सकते हैं. ताकि फिंगर 4 रिजलाइन की टॉप पोजीशन पर पकड़ बनाई रखी जा सके.
सैटेलाइट तस्वीर: प्लैनेट लैब्स/ इंडिया टुडे के लिए कर्नल (रिटायर्ड) विनायक भट की ओर से व्याख्या की गई
यह भी पढ़ें: लद्दाख में LAC के पास आर्मी और एयरफोर्स का युद्धाभ्यास, गरजे भारत के फाइटर प्लेन
सैटेलाइट तस्वीर: प्लैनेट लैब्स/ इंडिया टुडे के लिए कर्नल (रिटायर्ड) विनायक भट की ओर से व्याख्या की गई
सैटेलाइट तस्वीर: प्लैनेट लैब्स/ इंडिया टुडे के लिए कर्नल (रिटायर्ड) विनायक भट की ओर से व्याख्या की गई