एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में तेजस्वी यादव द्वारा दिखाए गए एपिक कार्ड पर विवाद खड़ा हो गया है. चुनाव आयोग ने इस मामले में नोटिस जारी कर स्पष्टीकरण मांगा है. यदि नेता गलत पाए जाते हैं, तो उनके खिलाफ कार्रवाई हो सकती है, जिसमें जनप्रतिनिधित्व अधिनियम के तहत सजा का प्रावधान भी शामिल है.