scorecardresearch
 

इन-सर्विस डॉक्‍टरों को नहीं मिलेगा PG कोर्सेज़ में 50 फीसदी आरक्षण: सुप्रीम कोर्ट

जस्टिस एल. नागेश्वर राव की अगुवाई वाली बेंच ने NEET 2020 में क्‍वालिफाइड उम्‍मीदवारों सहित डॉक्टरों द्वारा दायर की गई याचिका पर सुनवाई करते हुए ये फैसला सुनाया है.

Advertisement
X
Supreme Court of India (Representational Image)
Supreme Court of India (Representational Image)
स्टोरी हाइलाइट्स
  • अदालत ने 25 नवंबर को इस मामले में अपना फैसला सुरक्षित रख लिया था
  • मद्रास और केरल हाईकोर्ट ने राज्यों के फैसले पर हस्‍तक्षेप नहीं किया था

पोस्‍ट ग्रेजुएट सुपर स्पेशलिटी मेडिकल सीटों पर एडमिशन के लिए इस वर्ष इन-सर्विस डॉक्‍टरों को 50 फीसदी आरक्षण का लाभ नहीं मिलेगा. सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले में फैसला सुनाते हुए इन-सर्विस रिज़र्वेशन को रद्द कर दिया है. उच्चतम न्यायालय ने बुधवार 25 नवंबर को इस अंतरिम सवाल पर अपना आदेश सुरक्षित रख लिया था कि क्या तमिलनाडु और केरल को वर्तमान शैक्षणिक वर्ष के लिए सरकारी कॉलेजों में सुपर-स्पेशलिटी मेडिकल पाठ्यक्रमों में प्रवेश के लिए 50% इन-सर्विस आरक्षण प्रदान करना चाहिए या नहीं. 

देखें: आजतक LIVE TV

इस मामले पर अब फैसला सुनाते हुए कोर्ट ने 50% इन-सर्विस आरक्षण पर रोक  लगा दी है. जस्टिस एल. नागेश्वर राव की अगुवाई वाली बेंच ने NEET 2020 में क्‍वालिफाइड उम्‍मीदवारों सहित डॉक्टरों द्वारा दायर की गई याचिका पर सुनवाई करते हुए ये फैसला सुनाया है. याचिका में सुपर-स्पेशियलिटी पाठ्यक्रमों में इन-सर्विस उम्मीदवारों के लिए सीटों के आरक्षण को चुनौती दी गई थी.

सीनियर एडवोकेट पी. विल्सन ने कोर्ट के सामने कहा कि सरकारी डॉक्टरों को इन-सर्विस रिज़र्वेशन का मुद्दा पहले ही सुलझा लिया गया था मगर इसे बार-बार उठाया जा रहा है. मद्रास और केरल उच्च न्यायालयों ने सेवा में आरक्षण प्रदान करने के लिए राज्यों के फैसले पर हस्‍तक्षेप नहीं किया था. 

ये भी पढ़ें

Advertisement
Advertisement