Mumbai School Reopen: लंबे इंतजार के बाद कोरोना संकट के बीच मुंबई में कक्षा 1 से 12 तक के बच्चों के लिए स्कूल खोल दिए गए हैं. आज (सोमवार) यानी 24 जनवरी से सभी सरकारी और प्राइवेट स्कूलों को ऑफलाइन क्लासेज़ आयोजित करने की इजाजत दे गई है, कड़े सुरक्षा प्रोटोकॉल के साथ बच्चों को स्कूल बुलाया गया है. हालांकि, इसके लिए माता-पिता की सहमति अनिवार्य रहेगी.
We've not made students' physical presence mandatory in schools. A few districts are opening schools, a few districts are not. Parents may send their wards with permission. We request everyone to follow COVID19-appropriate behaviour: Maharashtra Minister Aaditya Thackeray (23.01)
— ANI (@ANI)
कोरोना की पहली और दूसरी लहर के समय मुंबई और महाराष्ट्र में कोविड ने सब से अधिक क़हर बरपाया है. पूरे में बच्चों को कोविड के खतरे से बचाने के लिए स्कूल को बंद कर दिया गया था. हालत में सुधार देखते हुए पहले 15 दिसम्बर को स्कूल को खोला गया था मगर जब मुंबई समेत महाराष्ट्र में वापस कोविड के मामलों में भारी इज़ाफ़ा देखा गया तो 04 जनवरी से स्कूल वापस बंद कर दिए गए थे.
Finally, dropped my child to school after 2 long years. She was more anxious to meet her friends and teachers; than anything else what we fear.
— Francis Joseph (@Francis_Joseph)
Maharashtra | Schools re-open for primary (pre-primary) classes in Mumbai; visuals from Sadhana Vidyalaya, Sion
— ANI (@ANI)
We have sanitized school premises. We're allowing only those students who have written permission from their parents: Swaroop Sawant, School Principal
तक़रीबन 15 दिन के अंतराल के बाद अब मुंबई में स्कूलों को खोल दिया गया है. स्कूल में प्रोटोकॉल और सेफ्टी को लेकर BMC सतर्क है और omicron के खतरे को ध्यान में रखते हुए भी तैयारियां की गई हैं. धारावी इलाके के सरकारी स्कूल में आज के दिन के लिए बच्चों के लिए काफ़ी तैयारियां की गई. स्कूल परिसर में बच्चों का भव्य स्वागत किया गया. जैसे ही बच्चे आए, उन्हें सोशल डिस्टेंसिंग के साथ खड़ा किया गया और उनकी आरती भी उतारी गई.
Schools reopen for classes 1-12th in Mumbai. Visuals from Andhra Education Society in Wadala. "It feels good to be back. All of us should maintain social distancing, and wear masks," a student says
— ANI (@ANI)
स्कूल में एंट्री करने से पहले सारे बच्चों का टेंप्रेचर चेक किया जा रहा है और सारे बच्चों को सामाजिक दूरी के साथ ही क़तार में क्लास रूम तक भेजा जा रहा है. 1 क्लास रूम में सिर्फ़ 15 बच्चों को ही बैठने की अनुमति है और मास्क लगाना अनिवार्य है. बच्चों की सुरक्षा के लिए 1 बेंच पर सिर्फ़ एक ही विद्यार्थी बैठ सकता है. नियमों के तहत, बच्चे टिफिन बॉक्स नहीं ला सकते हैं. बच्चों को 1 शिफ़्ट में स्कूल बुलाया जाएगा और 1 शिफ्ट केवल 2 घंटे की होगी.
(मुंबई से पारस दामा के इनपुट)