यूक्रेन की राजधानी कीव पर रूस ने रविवार को बड़ा हमला किया, जिससे शहर में दहशत फैल गई. यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोडिमिर जेलेंस्की ने दावा किया कि इस हमले में रूस ने अपनी हाइपरसोनिक 'ओरेश्निक' मिसाइल का इस्तेमाल किया. यह वही मिसाइल है, जिसके इस्तेमाल को लेकर जेलेंस्की कुछ दिन पहले चेतावनी दे चुके थे. उनके मुताबिक, ड्रोन और मिसाइलों से किए गए इस हमले में दो लोगों की मौत हुई है. यूक्रेन का कहना है कि चार साल से जारी युद्ध में रूस ने तीसरी बार यह मिसाइल दागी है, जिससे राजधानी के कई इलाकों में नुकसान हुआ और लोगों में डर का माहौल बन गया.
रविवार की रात कीव के लोगों के लिए बेहद डरावनी रही. शहर में पूरी रात एयर रेड सायरन बजते रहे. आसमान में धुआं छाया रहा और कई जगह जोरदार धमाके सुनाई दिए. सरकारी दफ्तरों, स्कूलों और रिहायशी इमारतों के पास हमले हुए. कीव क्षेत्र के बिला त्सेरकवा शहर में 'ओरेश्निक' मिसाइल गिरने की बात कही गई है, हालांकि रूस का निशाना क्या था, यह अभी साफ नहीं हो पाया है.
600 ड्रोन, 90 मिसाइलें और 'ओरेश्निक' का कहर
न्यूज एजेंसी पीटीआई के मुताबिक, रूस ने इस हमले में करीब 600 ड्रोन और 90 मिसाइलें दागीं. इनमें हवा, जमीन और समुद्र से लॉन्च की जाने वाली मिसाइलें शामिल थीं. यूक्रेन का दावा है कि उसकी एयर डिफेंस प्रणाली ने 549 ड्रोन और 55 मिसाइलों को रास्ते में ही नष्ट या निष्क्रिय कर दिया, लेकिन इसके बावजूद कुछ हमले राजधानी कीव तक पहुंच गए.
जेलेंस्की के मुताबिक, युद्ध शुरू होने के बाद यह तीसरी बार है जब रूस ने 'ओरेश्निक' मिसाइल का इस्तेमाल किया है. इससे पहले नवंबर 2024 में यूक्रेन के निप्रो शहर और जनवरी 2026 में पश्चिमी लवीव को निशाना बनाने के लिए इस मिसाइल का उपयोग किया गया था. रूस के राष्ट्रपतिव्लादिमीर पुतिन पहले दावा कर चुके हैं कि यह मिसाइल आवाज की रफ्तार से करीब 10 गुना तेज स्पीड से उड़ सकती है . उनका यह भी कहना है कि यह जमीन के कई मंजिल नीचे बने बंकरों को भी तबाह करने की क्षमता रखती है.
हमले का असर कीव के कई इलाकों में देखने को मिला. कई जगह आग लग गई और रिहायशी इलाकों में भारी नुकसान हुआ. यूक्रेनी अधिकारियों के मुताबिक, इस हमले में कम से कम दो लोगों की मौत हुई है. वहीं, एक पांच मंजिला रिहायशी इमारत पर हमला होने के बाद आग भड़क उठी, जिसमें एक व्यक्ति की जान चली गई. इसके अलावा, शहर के दूसरे हिस्सों में भी हमलों से नुकसान की खबर है. एक स्कूल की इमारत क्षतिग्रस्त हुई, जहां लोग सुरक्षित रहने के लिए शरण लिए हुए थे. इसके अलावा सुपरमार्केट, गोदाम और कई घर भी हमले की चपेट में आए.
कीव की 55 वर्षीय निवासी स्वितलाना ओनोफ्रिचुक के अनुसार, उन्होंने पूरे युद्ध के दौरान ऐसी भयावह रात पहले कभी नहीं देखी. उनके मुताबिक, सब कुछ जलकर खत्म हो गया और अब उनके पास शहर छोड़ने के अलावा कोई रास्ता नहीं बचा है.
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