आईपीएल खेलने के लिए श्रीलंका के तेज गेंदबाज नुवान तुषारा अब अदालत की शरण में पहुंच गए हैं. मामला सिर्फ क्रिकेट का नहीं, करियर और अधिकार का बन चुका है. (Photo, Reuters)
गुरुवार को तुषारा ने कोलंबो डिस्ट्रिक्ट कोर्ट में याचिका दाखिल कर श्रीलंका क्रिकेट को उन्हें NOC (नो ऑब्जेक्शन सर्टिफिकेट) जारी करने का आदेश देने की मांग की. बोर्ड ने 'फिटनेस टेस्ट में फेल' होने का हवाला देकर उन्हें IPL में खेलने से रोक दिया था. अब इस विवाद पर 9 अप्रैल को सुनवाई होगी. (Photo, Reuters)
31 साल के तुषारा ने कोर्ट में साफ कहा है- 31 मार्च को उनका SLC कॉन्ट्रैक्ट खत्म हो चुका है और वह इसे आगे बढ़ाना नहीं चाहते. इतना ही नहीं, उन्होंने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से संन्यास लेने की इच्छा भी जता दी है. ऐसे में फिटनेस टेस्ट का बहाना बनाकर NOC रोकना उनके अधिकारों का हनन है. (Photo, Reuters)
तुषारा ने यह भी तर्क दिया कि उनकी फिटनेस कभी सवालों के घेरे में नहीं रही और SLC पहले उन्हें इसी स्तर पर खेलने की अनुमति देता रहा है. इसलिए अचानक इस आधार पर रोक लगाना अनुचित है. (Photo, Reuters)
आईपीएल 2025 में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) ने तुषारा को 1.6 करोड़ रुपये में खरीदा था. खिताब जीतने वाले पिछले सीजन में उन्हें सिर्फ एक मैच खेलने का मौका मिला, लेकिन आंकड़े उनके पक्ष में हैं- 137 टी20 मैच, 174 विकेट और 21.25 की औसत. (Photo, Reuters)
अब नजर 9 अप्रैल पर है, जहां फैसला तय करेगा कि तुषारा IPL में उतरेंगे या यह लड़ाई और लंबी खिंचेगी. (Photo @BCCI)