पुरी की रथयात्रा से जुड़ी एक अद्भुत मान्यता में बताया जाता है कि भगवान जगन्नाथ अपने परम भक्त सालबेग की मजार के पास रुकते हैं. यह परंपरा आस्था और भक्ति का अनूठा उदाहरण है, जहां धर्म से ऊपर उठकर भगवान अपने सच्चे भक्त को सम्मान देते हैं और प्रेम का संदेश फैलाते हैं.