मध्य प्रदेश की दतिया विधानसभा सीट पर हो रहे उपचुनाव में बीजेपी उम्मीदवार आशुतोष तिवारी ने नामांकन दाखिल किया. इस मौके पर मुख्यमंत्री मोहन यादव, पूर्व मंत्री नरोत्तम मिश्रा और प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल मौजूद रहे.
खास बात यह रही कि नरोत्तम मिश्रा और आशुतोष तिवारी पहली बार किसी चैनल पर साथ दिखाई दिए. दोनों एक-दूसरे का हाथ थामे नजर आए. नरोत्तम ने कहा, आशुतोष मेरा भाई है. कंधे से कंधा मिला के चलेंगे, लड़ेंगे और जीतेंगे. वहीं, आशुतोष तिवारी ने बताया नरोत्तम मेरे अभिभावक है.
एयरपोर्ट से बाहर निकलते समय नरोत्तम और आशुतोष हाथ पकड़े नजर आए और सीएम के साथ नामांकन के लिए रवाना हुए. दतिया विधानसभा उपचुनाव के लिए बीजेपी ने एकजुटता दिखाने की कोशिश की. एक तरफ नरोत्तम मिश्रा और दूसरी तरफ आशुतोष तिवारी, दोनों नेता मुख्यमंत्री मोहन यादव के साथ पहुंचे.
बता दें, भारतीय जनता पार्टी ने इस बार कद्दावर नेता नरोत्तम मिश्रा की जगह आशुतोष तिवारी के रूप में नए चेहरे पर दांव खेला है. नरोत्तम मिश्रा के समर्थकों ने विरोध में हाईवे जाम किया, पुलिस पर पथराव किया. वहीं इस बीच नरोत्तम मिश्रा ने मुख्यमंत्री मोहन यादव और प्रदेश अध्यक्ष से मुलाकात की थी. इसके बाद अब नरोत्तम और आशुतोष तिवारी एक साथ नजर आए हैं.
नरोत्तम मिश्रा ने सीएम और प्रदेश अध्यक्ष से मुलाकात के बाद संगठन को सबसे ऊपर बताते हुए आशुतोष तिवारी के नामांकन में शामिल होने का ऐलान भी किया था.
दतिया को सालों तक नरोत्तम मिश्रा का राजनीतिक गढ़ माना गया है. वे 2008, 2013 और 2018 में लगातार विधायक बने. उन्होंने शिवराज सरकार में गृह मंत्री समेत कई अहम विभाग संभाले. वे 2023 में कांग्रेस के राजेंद्र भारती से चुनाव हार गए. कांग्रेस विधायक की विधानसभा सदस्यता खत्म होने से सीट खाली हुई है. जिसके लिए 30 जुलाई को मतदान और 3 अगस्त को मतगणना होनी है.
रवीश पाल सिंह