CBI केस में फैसले पर बोले केजरीवाल- राफेल की जांच रोकने के लिए आलोक वर्मा को हटाया था

सीबीआई पर आए सुप्रीम कोर्ट के फैसले पर कांग्रेस पार्टी ने ट्वीट करके कहा कि केंद्र सरकार के द्वारा अलोक वर्मा को असंवैधानिक रूप से हटाया गया था. कोर्ट का यह फैसला स्वागत योग्य है.

Advertisement
अरविंद केजरीवाल  (फोटो-फाइल) अरविंद केजरीवाल (फोटो-फाइल)

कुबूल अहमद

  • नई दिल्ली,
  • 08 जनवरी 2019,
  • अपडेटेड 12:13 PM IST

देश की सबसे बड़ी जांच एजेंसी केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) में चल रहे विवाद पर आज सुप्रीम कोर्ट ने अपना फैसला सुनाया. सीवीसी द्वारा छुट्टी पर भेजे गए सीबीआई निदेशक आलोक कुमार वर्मा के फैसले को सुप्रीम कोर्ट ने पलट दिया है. इस फैसले के साथ ही ये साफ हो गया कि आलोक वर्मा सीबीआई के चीफ बने रहेंगे. हालांकि अलोक वर्मा के खिलाफ लगाए गए आरोपों की जांच चलती रहेगी. कोर्ट के फैसले को विपक्ष ने मोदी सरकार के लिए बड़ा झटका बताया है.

Advertisement

सीबीआई पर आए सुप्रीम कोर्ट के फैसल पर कांग्रेस पार्टी ने ट्वीट करके कोर्ट के फैसला का स्वागत किया है. उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार के द्वारा अलोक वर्मा को असंवैधानिक रूप से हटाया गया था, जिसे कोर्ट ने गलत करार दिया है. कांग्रेस के प्रवक्ता अखिलेश प्रताप सिंह ने कहा कि मोदी सरकार मनमानी और तानाशाही तरीके से संवैधानिक संस्थाओं को नष्ट कर रही थी.

दूसरी ओर, सीबीआई बनाम सीबीआई मामले पर सुप्रीम कोर्ट के आए फैसले पर आरएसएस विचारक और राज्यसभा सदस्य राकेश सिन्हा ने कहा, हम कोर्ट के फैसले को मानेंगे और पद का कोई भी गलत इस्तेमाल नहीं होगा.

टीएमसी नेता कल्याण बनर्जी ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट का फैसला मोदी सरकार के लिए बहुत बड़ा झटका है. इससे उन्हें एक सबक सीखना चाहिए. जिस तरह से संवैधानिक संस्थाओं पर हमले किए जा रहे हैं ऐसा कभी नहीं हुआ है. विपक्ष के दलों के नेताओं के पीछे सीबीआई को लगाते हैं.

Advertisement

बता दें कि सीबीआई के निदेशक आलोक कुमार वर्मा और सीबीआई के विशेष निदेशक राकेश अस्थाना के बीच छिड़ी जंग सार्वजनिक होने के बाद केंद्र सरकार ने पिछले साल 23 अक्टूबर को दोनों अधिकारियों को उनके अधिकारों से वंचित कर अवकाश पर भेजने का निर्णय किया था. दोनों अधिकारियों ने एक दूसरे पर भ्रष्टाचार के आरोप लगाए थे.

केन्द्र ने इसके साथ ही ब्यूरो के संयुक्त निदेशक एम नागेश्वर राव को जांच एजेन्सी के निदेशक का अस्थाई कार्यभार सौंप दिया था. चीफ जस्टिस रंजन गोगोई, न्यायमूर्ति संजय किशन कौल और न्यायमूर्ति केएम जोसेफ की पीठ ने पिछले साल छह दिसंबर को आलोक वर्मा की याचिका पर आलोक वर्मा, केन्द्र, केन्द्रीय सतर्कता आयोग और अन्य की दलीलों पर सुनवाई पूरी करते हुए कहा था कि इस पर निर्णय बाद में सुनाया जाएगा.

वहीं दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने सुप्रीम कोर्ट के फैसले का स्वागत किया है. उन्होंने कहा कि मोदी सरकार ने देश की सभी संस्थाओं को बर्बाद कर दिया है. केजरीवाल ने सवालिया लहजे में कहा कि क्या राफेल घोटाले की जांच रोकने के लिए कोर्ट ने आधी रात को सीबीआई डायरेक्टर को नहीं हटाया?

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement
Latest News in Hindi »