बाबा सिद्दीकी हत्याकांड: अमोल गायकवाड़ की जमानत याचिका खारिज, मकोका कोर्ट का फैसला

बाबा सिद्दीकी हत्याकांड मामले के आरोपी अमोल गायकवाड़ की जमानत याचिका मकोका (MCOCA) की विशेष अदालत ने खारिज कर दी है. कोर्ट ने माना कि आरोपी जमानत पाने का हकदार नहीं है.

Advertisement
इस मामले में अब तक 27 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है. (File Photo: ITG) इस मामले में अब तक 27 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है. (File Photo: ITG)

aajtak.in

  • नई दिल्ली,
  • 30 मई 2026,
  • अपडेटेड 9:52 AM IST

मुंबई की एक विशेष मकोका (MCOCA) कोर्ट ने बाबा सिद्दीकी हत्या मामले के आरोपी अमोल गायकवाड़ की जमानत याचिका खारिज कर दी है. कोर्ट ने कहा कि रिकॉर्ड में मौजूद सबूतों से साफ पता चलता है कि आरोपी ने हत्या के बाद शूटरों को छिपाने में मदद की थी. इसलिए उसे जमानत नहीं दी जा सकती.

विशेष मकोका जज सत्यनारायण आर. नवंदर ने अपने आदेश में कहा, अमोल गायकवाड़ इस अपराध से जुड़े ऑर्गनाइज्ड क्राइम सिंडिकेट में शामिल था. हत्या के बाद शूटरों को छिपाने में उसकी भूमिका उसे इस अपराध की साजिश से सीधे जोड़ती है. अन्य आरोपियों की तुलना में गायकवाड़ की भूमिका को किसी भी तरह कम महत्वपूर्ण नहीं माना जा सकता.

Advertisement

इसके बाद गायकवाड़ के वकील सिद्धार्थ अग्रवाल ने जमानत की मांग करते हुए कहा कि वह निर्दोष है और उसे झूठा फंसाया गया है. उन्होंने ये भी कहा कि जांच अधिकारी ने BNSS की धारा 47 और 48 के जरूरी नियमों का पालन नहीं किया, जिससे गिरफ्तारी की प्रक्रिया में कानूनी खामियां हैं. 

अग्रवाल के अनुसार, गायकवाड़ का कबूलनामा दबाव और धमकी देकर लिया गया था. इसलिए उसे सबूत के तौर पर स्वीकार नहीं किया जाना चाहिए.  वहीं, विशेष सरकारी वकील महेश मुले और पीड़ित पक्ष के वकील प्रदीप घरात और त्रिवणकुमार करनानी ने जमानत याचिका का कड़ा विरोध किया. उन्होंने कोर्ट के सामने ऐसे सबूत पेश किए, जिनसे साजिश में गायकवाड़ की साफ और अहम भूमिका सामने आती है. 

समानता के तर्क पर, जज ने माना कि गायकवाड़ के खिलाफ आरोप सह-आरोपी आकाशदीप करज सिंह के खिलाफ लगाए गए आरोपों से पूरी तरह अलग हैं, जिन्हें बॉम्बे हाई कोर्ट ने जमानत दे दी है, लेकिन गायकवाड़ की भूमिका अहम है. साजिश रचने और शूटरों को पनाह देने में उसकी भागीदारी रिकॉर्ड में मौजूदा सबूतों से साफ दिखाई देती है. इसलिए वह जमानत पाने का हकदार नहीं है.

Advertisement

क्या हैं पूरा मामला?

नेशनल कांग्रेस पार्टी (NCP) के नेता 66 वर्षीय बाबा सिद्दीकी की 12 अक्टूबर 2024 की रात मुंबई के बांद्रा ईस्ट इलाके में गोली मारकर हत्या कर दी गई थी. यह घटना उस समय हुई जब वे अपने बेटे जीशान सिद्दीकी के ऑफिस के बाहर मौजूद थे. जानकारी के मुताबिक इस वारदात को 3 हमलावरों ने अंजाम दिया था. इस हाई-प्रोफाइल मामले में पुलिस अब तक 27 गिरफ्तार आरोपियों के खिलाफ चार्जशीट दाखिल कर चुकी है.

जेल में बंद गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई के भाई अनमोल बिश्नोई समेत दो अन्य आरोपियों को वॉन्टेड बताया गया है. मामले की गंभीरता को देखते हुए सभी आरोपियों पर महाराष्ट्र कंट्रोल ऑफ ऑर्गनाइज्ड क्राइम एक्ट (MCOCA) के तहत सख्त धाराएं लगाई गई हैं. सभी आरोपी न्यायिक हिरासत में हैं.

(Input: Shivanshi Shukla)

---- समाप्त ----

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement
Latest News in Hindi »