नन से रेप के आरोपी बिशप ने छोड़ा पद, जल्द दखल दे सकता है वेटिकन

केरल नन रेप केस वेटिकन पहुंच गया है. भारत से चर्च का एक प्रतिनिधि वेटिकन में है. वे इस मामले में वेटिकन से दखल की उम्मीद कर रहे हैं.

Advertisement
आरोपी बिशप फ्रैंको मुलक्कल आरोपी बिशप फ्रैंको मुलक्कल

देवांग दुबे गौतम

  • नई दिल्ली,
  • 15 सितंबर 2018,
  • अपडेटेड 5:23 PM IST

केरल की नन के साथ रेप मामले में मिशनरीज ऑफ जीसस संस्था से क्लीन चिट मिलने के एक दिन बाद जालंधर के बिशप फ्रैंको मुलक्कल ने अपने पद से अस्थायी रूप से इस्तीफा दे दिया है. उन्होंने विश्वास जताया है कि वह इस पूरे मामले में पाक साफ होकर निकलेंगे.

बिशप फ्रैंको मुलक्कल ने जालंधर डायोसीस की अपनी प्रशासनिक जिम्मेदारी एक वरिष्ठ पादरी को सौंप दी है. बिशप मुलक्कल ने एक सर्कुलर में कहा कि मेरी अनुपस्थिति में मोन्साइनोर मैथ्यू कोक्कन्डम सामान्य रूप से ही डायोसीस का प्रशासन देखेंगे.

Advertisement

यह सर्कुलर 13 सितंबर को जारी किया गया. इससे एक दिन पहले केरल पुलिस ने 19 सितंबर को उन्हें जांच टीम के समक्ष पेश होने को कहा था. मुलक्कल के खिलाफ कार्रवाई शुरू करने के लिए पुलिस पर बढ़ रहे दबाव के बीच बिशप को समन भेजने का फैसला महानिरीक्षक (एर्णाकुलम रेंज) सखारे की अध्यक्षता में हुई एक बैठक के बाद लिया गया. इस बैठक में कोट्टायम जिला पुलिस अधीक्षक हरिशंकर और वायकॉम के पुलिस उपाधीक्षक के.सुभाष भी शामिल थे.

वहीं यह पूरा मामला वेटिकन पहुंच गया है. भारत से चर्च का एक प्रतिनिधि वेटिकन में है और उम्मीद की जा रही है कि आने वाले दिनों में वह इस मामले में हस्तक्षेप कर सकता है. 

नन ने हाल ही में न्याय के लिए वेटिकन के तत्काल हस्तक्षेप और जालंधर डायोसीस के प्रमुख के पद से उनको हटाए जाने की मांग की थी. नन ने आरोप लगाया था कि बिशप मुलक्कल अपने खिलाफ चल रहे मामले को दबाने के लिए राजनीतिक और पैसों की ताकत का इस्तेमाल कर रहे हैं.

Advertisement

इस पूरे मामले में पीड़िता की तस्वीर जारी करने को लेकर मिशनरीज ऑफ जीसस के खिलाफ शिकायत दर्ज की गई है. कैथोलिक पादरी फॉदर ऑगस्टीन ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट के कानूनों के उल्लंघन करते हुए मिशनरीज ऑफ जीसस ने शिकायतकर्ता की तस्वीर जारी कर दी. यह धारा 228 ए का उल्लंघन है. उन्होंने कहा कि हम समझते हैं कि मिशनरीज ऑफ जीसस के काउंसलर ने ऐसा किया है. अब तक इस मामले में कोई गिरफ्तारी नहीं हुई है.

वहीं पीड़िता के भाई ने कहा कि मिशनरीज ऑफ जीसस ने शुक्रवार को मेरी बहन की फोटो और लेटर को जारी किया. मैं इसकी निंदा करता हूं. यह बेहद शर्मनाक है. वे हमारी बहन को प्रताड़ित करना चाहते हैं.

फॉदर ऑगस्टीन ने कहा कि ऐसा शिकायतकर्ता पर दबाव बनाने और आरोपी को बचाने के लिए किया गया था. हम इस मामले में आरोपी को तुरंत गिरफ्तार की मांग करते हैं. उन्होंने कहा हमारा प्रदर्शन तब तक जारी रहेगा जब तक आरोपी गिरफ्तार नहीं हो जाता. 

वहीं प्रदर्शन में शामिल  सिस्टर अनुपमा ने कहा कि हम किसी से भी मिलने नहीं जा रहे हैं. हमने नुनसिओ से मिलने का समय मांगा था लेकिन हमें समय नहीं मिला.

सिस्टर अनुपमा ने कहा हमें अभी भी चर्च पर भरोसा है. हमने चर्च नहीं छोड़ा है. लेकिन वे हमें नहीं सुन रहे हैं. सरकार में कुछ लोग ने हमारा समर्थन किया है. पूर्व सीएम अच्युतानंदन से हमारी फोन पर बात हुई. लेकिन सीएम विजयन से अब तक हमारा संपर्क नहीं हो पाया है.

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement
Latest News in Hindi »