कर्मचारियों को खाना-ट्रांसपोर्ट देने के बदले कंपनियों को मिलेगा ITC? GST में संशोधन की तैयारी

इम्प्लॉयर को जीएसटी के तहत जल्द ही बड़ी सौगात मिल सकती है. अपने कर्मचारियों को खाना, ट्रांसपोर्ट और इंश्योरेंस देने के बदले कंपनियों को इन पर इनपुट टैक्स क्रेडिट हासिल करने की सुविधा दी जा सकती है.

Advertisement
प्रतीकात्मक तस्वीर प्रतीकात्मक तस्वीर

विकास जोशी

  • नई दिल्ली,
  • 10 जुलाई 2018,
  • अपडेटेड 1:11 PM IST

इम्प्लॉयर को जीएसटी के तहत जल्द ही बड़ी सौगात मिल सकती है. अपने कर्मचारियों को खाना, ट्रांसपोर्ट और इंश्योरेंस देने के बदले कंपनियों को इन पर इनपुट टैक्स क्रेडिट हासिल करने की सुविधा दी जा सकती है.

जीएसटी एक्ट में प्रस्तावित संशोधनों में यह भी एक प्रस्ताव है. इन प्रस्तावित संशोधनों को संसद और राज्य विधानसभाओं की तरफ से मंजूरी मिलने के बाद ऐसा संभव हो पाएगा.

Advertisement

केंद्र सरकार जीएसटी कानून में बड़े स्तर पर बदलाव करने जा रही है. इसके लिए एक ड्राफ्ट तैयार कर लिया गया है. इसके मुताबिक कुल 46 संशोधन प्रस्तावित हैं. इसमें जीएसटी रिटर्न फाइल करने के नये नॉर्म्स, रिवर्स चार्ज मैकेनिज्म में बदलाव, अलग-अलग वर्टिकल की कंपनियों का रजिस्ट्रेशन भी अलग-अलग करने समेत अन्य प्रस्ताव शामिल हैं.

ड्राफ्ट संशोधनों पर नजर दौड़ाएं तो इम्प्लॉयर्स को अपने कर्मचारियों को खाना, पीने के लिए बेवरेजेस, स्वास्थ्य सेवाएं, जीवन बीमा, मोटर व्हीकल्स समेत अन्य फायदे देने के बदले इनपुट टैक्स क्रेडिट की सुविधा मिलनी चाहिए.

इसके अलावा संशोधन में , ब्यूटी ट्रीटमेंट,कॉस्मेटिक और प्लास्टिक सर्जरी,एयरक्राफ्ट की रेंटिंग समेत कई अन्य सेवाओं पर इनपुट टैक्स क्रेडिट का फायदा नहीं मिलेगा.

केंद्र सरकार ने इन प्रस्तावित संशोधनों पर सभी शेयरधारकों से अपनी राय रखने के लिए कहा है. इसकी खातिर उन्हें 15 जुलाई तक का वक्त दिया गया है.

Advertisement

इनपुट टैक्स वह टैक्स होता है, जो कोई सामान तैयार करने के लिए खरीदे गए कच्चे माल पर आप देते हैं. इनपुट टैक्स क्रेडिट का मतलब यह हुआ कि जिस कच्चे माल से आप ने जो आउटपुट अथवा सामान तैयार किया है, उस पर आप इनपुट टैक्स क्लेम कर सकते हैं. 

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement