ये 4 कारण... जो तय करेंगे शेयर बाजार की चाल, निवेशकों की पैनी नजर

Stock Market में बीते सप्ताह की तेजी जारी रहेगी, या फिर इस पर ब्रेक लगेगा. अगले सप्ताह सेंसेक्स-निफ्टी की चाल चार प्रमुख कारणों पर निर्भर करेगी. इनमें महंगाई के आंकड़ों से लेकर कच्चे तेल की कीमत तक शामिल है.

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शेयर बाजार पर कई कारक डालेंगे असर. (Photo: Reuters) शेयर बाजार पर कई कारक डालेंगे असर. (Photo: Reuters)

आजतक बिजनेस डेस्क

  • नई दिल्ली,
  • 14 जून 2026,
  • अपडेटेड 5:34 PM IST

भारतीय शेयर मार्केट में बीते सप्ताह तगड़ी तेजी देखने को मिली, लेकिन कल से शुरू होने वाले अगले हफ्ते सेंसेक्स-निफ्टी की चाल एक नहीं बल्कि कई कारकों पर निर्भर करेगी. इनमें महंगाई के आंकड़ों के साथ ही अमेरिका-ईरान में समझौते पर आने वाले अपडेट भी शामिल हैं. तो वहीं विदेशी निवेशकों के रुख में बदलाव का भी असर शेयर बाजार पर देखने को मिल सकता है. 

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अगर बीते सप्ताह की बात करें, तो शेयर बाजार के दोनों इंडेक्स सेंसेक्स-निफ्टी बढ़त में रहे. इस दौरान बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज का 30 शेयरों वाला सेंसेक्स (BSE Sensex) 1,285 अंक की बढ़त में रहा, जबकि नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का निफ्टी (NSE Nifty) 256 अंकों की तेजी में रहा.

पहला कारण: अमेरिका-ईरान में बात
मिडिल ईस्ट में बीते हफ्ते तनाव कम होने के संकेत मिले. डोनाल्ड ट्रंप ने एक बार फिर से ईरान के साथ समझौता जल्द होने का दावा किया. हालांकि, ईरान की ओर से दो टूक कह दिया गया है कि उसकी शर्तें पूरी होने पर ही फाइनल डील होगी. इसे समझौते से जुड़े हर अपडेट का असर शेयर बाजार पर देखने को मिल सकता है. 

दूसरा कारण: कच्चे तेल की कीमतें 
बीते सप्ताह कच्चे तेल की कीमतों में तगड़ी गिरावट (Crude Oil Price Fall) देखने को मिली थी. वेस्ट एशिया संघर्ष के चलते लंबे समय से डरा रहा कच्चा तेल गिरकर 90 डॉलर प्रति बैरल के नीचे पहुंच गया. ब्रेंट क्रूड का प्राइस 87.33 डॉलर प्रति बैरल पर आ गया, तो वहीं WTI Crude Price 84.88 डॉलर प्रति बैरल दर्ज किया गया. US-Iran में डील होने पर इसमें और गिरावट आ सकती है, जिसका असर शेयर बाजार निवेशकों के सेंटीमेंट पर देखने को मिल सकता है. 

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तीसरा कारण: महंगाई के आंकड़े
बीते सप्ताह सरकार ने देश में रिटेल महंगाई के आंकड़े जारी किए थे और मई में Retail Inflation में इजाफा देखने को मिला. CPI 3.93% पर पहुंच गई. इससे पिछले अप्रैल महीने में खुदरा महंगाई दर 3.48 फीसदी रही थी. अगले हफ्ते थोक महंगाई दर का आंकड़ा जारी किया जाएगा और शेयर बाजार निवेशकों की नजर इसपर रहेगी. 

चौथा कारण: फेड रेट, एफपीआई 
शेयर बाजार की चाल पर अमेरिकी फेडरल रिजर्व की ब्याज दरों (US Fed Policy Rates) पर की जाने वाली घोषणा सेंसेक्स-निफ्टी की चाल बदल सकती है. इसके अलावा लगातार जारी विदेशी निवेशकों की बिकवाली पर भी निवेशक नजर बनाए हुए हैं. 

(नोट- शेयर बाजार में किसी भी तरह के निवेश से पहले अपने मार्केट एक्सपर्ट्स की सलाह जरूर लें.)

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