होलिका दहन (Holika Dahan) हिंदू धर्म का एक महत्वपूर्ण पर्व है, जिसे होली से एक दिन पहले फाल्गुन पूर्णिमा की रात को मनाया जाता है. इसे छोटी होली भी कहा जाता है. इस दिन बुराई पर अच्छाई की जीत के प्रतीक स्वरूप होलिका दहन किया जाता है.
इस दिन लकड़ियों, उपलों और कंडों से होलिका दहन के लिए चिता बनाई जाती है. इस चिता में गेंहू की बालिया, नारियल, गन्ना आदि अर्पित किए जाते हैं. परिवार और समाज के लोग एक साथ मिलकर इसकी परिक्रमा करते हैं और सुख-समृद्धि की कामना करते हैं. कई स्थानों पर होलिका दहन के बाद उसकी राख को घर लाकर तिलक करने की भी परंपरा है.
होलिका दहन की कथा भक्त प्रह्लाद और उनके पिता राजा हिरण्यकश्यप से जुड़ी हुई है. हिरण्यकश्यप, जो स्वयं को भगवान मानता था, अपने पुत्र प्रह्लाद की भगवान विष्णु के प्रति भक्ति से नाराज था. उसने प्रह्लाद को मारने के कई प्रयास किए, लेकिन वह असफल रहा. अंत में, उसने अपनी बहन होलिका से प्रह्लाद को मारने के लिए कहा. होलिका के पास एक वरदान था कि वह अग्नि में जल नहीं सकती. उसने प्रह्लाद को गोद में बैठाकर आग में बैठने का प्रयास किया, लेकिन भगवान विष्णु की कृपा से होलिका जलकर भस्म हो गई और प्रह्लाद सुरक्षित बच गए. तभी से होलिका दहन बुराई के अंत और भक्ति की विजय के रूप में मनाया जाता है.
Holika Dahan 2026:होलिका दहन 2026 पर जानें धन वृद्धि, अच्छी सेहत, सफलता और घर में सुख-समृद्धि के लिए किए जाने वाले आसान और प्रभावी उपाय. पवित्र अग्नि से जुड़े ये ज्योतिषीय उपाय आर्थिक तंगी और नकारात्मकता दूर कर सकते हैं.
Holika Dahan 2026: आज, 3 मार्च 2026 को होली के एक दिन पहले चंद्र ग्रहण लग रहा है. आज के दिन भी कई जगहों पर होलिका दहन की जाएगी, जानते हैं होलिका दहन का शुभ मुहूर्त क्या है और साल के पहले चंद्र ग्रहण का क्या असर होगा.
Chandra Grahan 2026: 3 मार्च 2026 को साल का पहला पूर्ण चंद्र ग्रहण लगेगा. जानिए भारत में यह कब और कितनी देर दिखाई देगा, ब्लड मून का समय क्या है, सूतक काल कब से शुरू होगा और ग्रहण के दौरान क्या करें और क्या न करें.
उत्तर प्रदेश के अमरोहा में त्योहार की खुशियों के बीच उस वक्त हड़कंप मच गया जब ड्यूटी पर तैनात एक सिपाही पर धारदार हथियार से हमला कर दिया गया. स्थानीय लोगों की मदद से हमलावर को पकड़ लिया गया है, जबकि घायल सिपाही का अस्पताल में इलाज जारी है.
Happy Holika Dahan 2026 Wishes: होलिका दहन का खास पर्व आज 2 मार्च 2026 को मनाया जा रहा है. यह पर्व ‘बुराई पर अच्छाई की जीत’ के लिए जाना जाता है. आप इस मौके पर अपनों को खास शुभकामनाएं संदेश भेज सकते हैं.
इस साल होलिका दहन कहीं 2 मार्च को तो कहीं 3 मार्च को ग्रहण के बाद करने की बात हो रही है. वहीं होली खेलने के लिए 4 मार्च का दिन निश्चित है. अंक ज्योतिष शास्त्र के अनुसार जानते हैं कि दोनों तिथियों में कौन सी श्रेष्ठ है.
Holika Dahan 2026: होलिका दहन फाल्गुन पूर्णिमा पर करने की परंपरा है. इस साल फाल्गुन पूर्णिमा 2 मार्च को शाम 5 बजकर 55 मिनट से लेकर अगले दिन 3 मार्च को सुबह 5 बजकर 07 मिनट पर समाप्त होगी. ऐसे में 2 मार्च की मध्य रात्रि 12:50 बजे से 2:02 बजे के बीच जब भद्रा पुच्छकाल रहेगा, तब आप होलिका दहन कर सकते हैं.
Holika Dahan 2026: होलिका दहन की पौराणिक कथा के पीछे कई रहस्य छिपे हैं, जानें कैसे भक्त प्रह्लाद की भक्ति ने अग्नि को शीतल किया और भगवान विष्णु ने नरसिंह अवतार लेकर अहंकारी हिरण्यकश्यप का वध किया. पढ़ें बुराई पर अच्छाई की जीत की यह प्रेरक कहानी.
Holi Kab Jalegi 2026: होलिका दहन, जिसे 'छोटी होली' के नाम से भी जाना जाता है, हिंदू धर्म का एक प्रमुख त्योहार है. यह रंगों के त्योहार होली से एक दिन पहले मनाया जाता है. इस दिन शाम को लोग लकड़ियों और उपलों का ढेर लगाकर उसमें आग जलाते हैं, जिसे होलिका दहन कहा जाता है.
Holika Dahan 2026: होलीका दहन 2026 को लेकर भ्रम की स्थिति बनी हुई है. ज्योतिषाचार्यों के अनुसार, 2 मार्च यानी आज शाम 6:22 से रात 8:53 बजे तक होलिका दहन करना शुभ रहेगा क्योंकि उस समय प्रदोष काल रहेगा. 3 मार्च को चंद्र ग्रहण और सूतक काल होने के कारण होली का पर्व 4 मार्च को मनाया जाएगा.
इस बार होलिका दहन की डेट को लेकर काफी ज्यादा भ्रम की स्थिति बनी हुई है. कुछ लोग कह रहे हैं कि 2 मार्च को होलिका दहन करना सही होगा और कुछ 3 मार्च को कह रहे हैं. ज्योतिष के मुताबिक, फाल्गुन माह में शुक्ल पक्ष की चतुर्दशी तिथि 2 मार्च को शाम 5 बजकर 57 मिनट तक रहेगी
Holika Dahan 2026: ज्योतिषियों के मुताबिक, होलिका दहन की अग्नि बहुत ही खास मानी जाती है, जिसमें कुछ चीजें डालने से सुख-समृद्धि की आगमन होता है. तो आइए जानते हैं कि होलिका दहन की अग्नि में क्या क्या डालना चाहिए.
Holika Dahan Shubh Muhurat:2 मार्च 2026 की मध्यरात्रि के बाद होलिका दहन का शुभ मुहूर्त है. जानें भद्रा काल का समय, क्या 3 मार्च को भी हो सकता है दहन, चंद्रग्रहण और सूतक का प्रभाव क्या रहेगा और 4 मार्च को कब खेली जाएगी रंगों की होली.
Holika Dahan 2026 Shubh Muhurat: होलिका दहन 2026 को लेकर भ्रम की स्थिति है क्योंकि पूर्णिमा तिथि 2 मार्च यानी आज शाम से शुरू होकर 3 मार्च शाम तक रहेगी, साथ ही भद्रा काल भी इसी अवधि में है. पंडितों के अनुसार, 2 मार्च यानी आज शाम 6 बजकर 22 मिनट से शुरू होकर से रात 8 बजकर 53 मिनट तक होलिका दहन करना शुभ रहेगा.
2 या 3 मार्च कब है होली? चंद्र ग्रहण-भद्रा का सस्पेंस खत्म. इस साल होली की तारीख को लेकर भ्रम की स्थिति बनी हुई है. ज्योतिषाचार्यों के अनुसार, 2 और 3 मार्च की दरमियानी रात होलिका दहन करना शास्त्रसम्मत रहेगा.
Holika dahan 2026: इस साल होली पर चंद्र ग्रहण और भद्रा काल का साया रहने वाला है. यह चंद्र ग्रहण भारत में दिखाई देगा, इसलिए लोग कन्फ्यूज हैं कि वो कब होलिका दहन करेंगे और कब रंग वाली होली खेलेंगे. हालांकि पंडितों ने पंचांग देखकर होलिका दहन और धुलंडी की सही तारीख का ऐलान कर दिया है.
Holika Dahan 2026: ज्योतिषियों की मानें तो, होलिका दहन का दिन बहुत ही शुभ होता है. इस दिन मां लक्ष्मी की कृपा पाने के लिए अग्नि में कुछ चीजें अर्पित करनी चाहिए. तो आइए जानते हैं कि इस दिन कौन-सी चीजें अग्नि में अर्पित करनी चाहिए? जानें होलिका दहन का शुभ मुहूर्त, हवन सामग्री, नारियल, गेहूं समेत शुभ उपाय, जो जीवन में सुख-समृद्धि और सकारात्मकता लाने में मददगार माने जाते हैं.
2 मार्च की शाम को पूर्णिमा तिथि और प्रदोष काल तो रहेगा, लेकिन उस वक्त भद्रा का साया होने के कारण होलिका दहन करना उचित नहीं होगा. 3 मार्च को भद्रा तो नहीं है. लेकिन शाम के वक्त पूर्णिमा तिथि नहीं होगी. साथ ही, चंद्र ग्रहण का साया भी रहेगा. फिर भी 3 मार्च की तारीख ज्यादा अनुकूल है.
Holi 2026:इस साल होली की सही तारीख को लेकर ज्योतिषाचार्यों और पंचांग के बीच चल रही बहस अब खत्म हो गई है. अगर आप भी इस उलझन में हैं कि रंगों का त्योहार 3 मार्च को मनाया जाएगा या 4 मार्च को, तो बता दें कि इस बार उत्सव का कैलेंडर थोड़ा अलग है.
Holika Dahan 2026 kab hai: होलिका दहन को लेकर लोगों में कंफ्यूजन है कि यह 2 मार्च को होगा या 3 मार्च को. जानें भद्रा काल, शुभ मुहूर्त, चंद्र ग्रहण का असर और होली की सही तारीख क्या है.
Holika Dahan: होलिका दहन 2026 इस बार भद्रा काल में हो रहा है, ऐसे में सही मुहूर्त और नियम जानना बेहद जरूरी है. जानें पूजा विधि, टाइमिंग और वो 5 जरूरी बातें जिन्हें नजरअंदाज करना पड़ सकता है भारी.