scorecardresearch
 

दुर्घटनाग्रस्‍त विमान का ब्‍लैक बॉक्‍स मिला

शनिवार को एयर इंडिया के दुर्घटनाग्रस्‍त विमान का ब्‍लैक बॉक्‍स मंगलवार को मिल गया.

Advertisement
X

जांच अधिकारियों ने मंगलवार को दुर्घटनाग्रस्त एयर इंडिया एक्सप्रेस विमान के मलबे से ‘ब्लैक बाक्स’ और ‘कॉकपिट वॉइस रिकार्डर’ (सीवीआर) बरामद किया. इससे शनिवार को हुए विमान हादसे के कारणों के बारे में महत्वपूर्ण सुराग मिल सकता है.

इस हादसे में 158 यात्री और चालक दल के छह सदस्य मारे गए थे. नागरिक उड्डयन मंत्रालय के शीर्ष अधिकारियों ने कहा कि डिजीटल फ्लाइट डेटा रिकार्डर या ब्लैक बाक्स और सीवीआर (कॉकपिट की बातचीत और अन्य तकनीकी विवरणों को रिकार्ड करने वाला यंत्र) को बोइंग 737-800 विमान के मलबे से बरामद कर लिया गया है. यह विमान अपने रनवे से आगे जाकर गहरी खाई में गिर गया था जिसके बाद उसमें आग लग गई थी.

एयर इंडिया के सीएमडी अरविंद जाधव ने 12 साल से अधिक के पीड़ितों के रिश्तेदारों को 10 लाख, 12 साल से कम के पीड़ितों के रिश्तेदारों को पांच लाख और घायल हुए लोगों के लिए दो लाख रुपये के अंतरिम मुआवजे की घोषणा की. उन्होंने संवाददाताओं से कहा, ‘यह प्रधानमंत्री द्वारा दुर्घटना में मरने वाले प्रत्येक पीड़ित के परिवार को दो लाख रुपये का मुआवजा देने की घोषणा के अतिरिक्त होगा.’

Advertisement

जाधव ने कहा कि जहां 128 शवों की पहचान कर ली गई है और उसे परिजनों को सौंप दिया गया है, वहीं 12 शवों की पहचान की जानी अभी बाकी है. 18 शवों का पोस्टमार्टम किया जा रहा है. विगत एक दशक के सबसे खतरनाक विमान हादसे की जांच कर रहा दल मलबों की खाक छानता रहा ताकि नागरिक उड्डयन महानिदेशालय द्वारा की जा रही जांच के लिए जरूरी सभी सामग्रियां बरामद की जा सकें.

ब्लैक बॉक्स को बुधवार को दिल्ली लाया जाएगा. वहां डीजीसीए का हवाई सुरक्षा निदेशालय इस बात की जांच करेगा कि क्या गलती हुई. अमेरिकी संघीय उड्डयन प्राधिकारण के विशेषज्ञ, बोइंग और हवाई सुरक्षा फर्म केन्यन ब्लैक बॉक्स और सीवीआर के गूढ़ अर्थ को निकालने में सहायता करेगी. हैदराबाद के फॉरेंसिक दल ने उन शवों का डीएनए परीक्षण किया जो बुरी तरह जल जाने की वजह से पहचान में नहीं आ पा रहे हैं.

Advertisement
Advertisement