देश की राजनीति में अभद्र भाषा के इस्तेमाल पर तीखी बहस छिड़ गई है. एक पक्ष राहुल गांधी की रैली में कथित तौर पर कहे गए अपशब्दों के लिए माफी की मांग कर रहा है, जबकि दूसरा पक्ष इसे मुद्दों से भटकाने का प्रयास बता रहा है. बहस के दौरान रोजगार, शिक्षा और स्वास्थ्य पर भी चर्चा हुई.