scorecardresearch
 

Bahadurpur Election Results 2020: JDU प्रत्याशी मदन सहनी जीते, RJD प्रत्याशी की हार

Bahadurpur  Election Results, Bahadurpur Vidhan Sabha seat Counting 2020: बहादुरपुर सीट पर इस समय लालू प्रसाद यादव की पार्टी राष्ट्रीय जनता दल (आरजेडी) काबिज है. साल 2015 के चुनाव में इस सीट से आरजेडी ने भोला यादव को मैदान में उतारा था. भोला यादव ने तब भारतीय जनता पार्टी के हरी सहनी को हराया था.

Advertisement
X
Bahadurpur Election Results 2020: Bihar (फाइल फोटोः पीटीआई)
Bahadurpur Election Results 2020: Bihar (फाइल फोटोः पीटीआई)
स्टोरी हाइलाइट्स
  • बहादुरपुर सीट के लिए 7 नवंबर को हुआ था मतदान
  • 59.30 फीसदी मतदाताओं ने किया था मतदान
  • आरजेडी नहीं बरकरार रख पाई कब्जा

दरभंगा जिले की बहादुरपुर विधानसभा सीट से राष्ट्रीय लोकतांत्रिक गठबंधन(एनडी) की ओर से जनता दल(यूनाइटेड) के प्रत्याशी मदन सहनी ने जीत दर्ज की है. उन्होंने महागठबंधन की ओर से राष्ट्रीय जनता दल(आरजेडी) के प्रत्याशी रमेश चौधरी को पटखनी दी है. दोनों प्रत्याशियों के बीच वोटों का अंतर महज 2,629 रहा.

मदन सहनी को कुल 68,538 वोट मिले, वहीं रमेश चौधरी को 65,909 लोगों ने वोट किया. कुल 38.5 फीसदी वोट मदन सैनी ने हासिल किया, वहीं 37.03 फीसदी मत रमेश चौधरी को पड़े.

तीसरे नंबर पर लोक जनशक्ति पार्टी के उम्मीदवार देवेंद्र कुमार झा रहे, जिन्हें कुल 16,873 मत हासिल हुए. इस सीट पर कांटे की टक्कर रही, जिसमें एनडीए उम्मीदवार बाजी मार ले गए. कुल 15 लोग इस विधानसभा सीटे से चुनाव लड़े थे. अंतिम चरण में 7 नवंबर को मतदान हुआ था. बहादुरपुर सीट पर 59.30 फीसदी मतदान हुआ था. 

 

Bahadurpur Election Result
बहादुरपुर विधानसभा का चुनावी नतीजा

किसके बीच रहा मुकाबला?

इस सीट से सत्ताधारी राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (एनडीए) की ओर से मदन सहनी चुनाव लड़े जिन्हें जीत मिली. वहीं, राष्ट्रीय जनता दल (आरजेडी) ने रमेश चौधरी, लोक जनशक्ति पार्टी ने देवेंद्र कुमार झा, प्लूरल्स पार्टी ने प्रियंका सिंह पर दांव लगाया था, लेकिन सब चुनावी समर में चित्त हो गए.

आरजेडी का था कब्जा

Advertisement

बहादुरपुर सीट पर इस समय लालू प्रसाद यादव की पार्टी राष्ट्रीय जनता दल (आरजेडी) काबिज थी लेकिन अब यह सीट जेडीयू की है. साल 2015 के चुनाव में इस सीट से आरजेडी ने भोला यादव को मैदान में उतारा था. भोला यादव ने तब भारतीय जनता पार्टी के हरी सहनी को हराया था. भोला यादव को 71 हजार 547 वोट मिले थे. वहीं, उनके निकटतम प्रतिद्वंदी भाजपा के हरि सहनी को 54 हजार 558 वोट मिले थे. तब तीसरे स्थान पर मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (सीपीआईएम) के उम्मीदवार श्याम भारती रहे थे.

साल 2015 के चुनावी रण में कुल 15 उम्मीदवार अपनी किस्मत आजमा रहे थे. इससे पहले 2010 के चुनाव में इस सीट पर जनता दल यूनाइटेड (जेडीयू) ने जीत दर्ज की थी. साल 2010 के विधानसभा चुनाव में जेडीयू के टिकट पर चुनाव मैदान में उतरे मदन सहनी विजयी रहे थे. मदन सहनी ने तब आरजेडी के उम्मीदवार हरिनंदन यादव को पटखनी दी थी. हालांकि, तब सहनी की जीत का अंतर 700 से भी कम वोट का रहा था.

गौरतलब है कि साल 2008 में परिसीमन के बाद अस्तित्व में आई बहादुरपुर विधानसभा सीट पर पहली बार 2010 में चुनाव हुआ था. साल 2010 और 2015 के चुनाव में हालात पूरी तरह जुदा थे. 2010 में जब जेडीयू ने जीत दर्ज की थी, तब वह भारतीय जनता पार्टी के साथ मिलकर चुनाव लड़ रही थी. वहीं, 2015 में जेडीयू, आरजेडी के साथ महागठबंधन का हिस्सा थी.

Advertisement

साल 2015 के चुनाव में जेडीयू को यह सीट गठबंधन सहयोगी आरजेडी के लिए छोड़नी पड़ी थी. हालांकि, इस बार फिर से हालात जुदा रहे. जेडीयू और बीजेपी, दोनों साथ मिलकर चुनाव मैदान में रहे. ऐसे में आरजेडी के सामने एनडीए गठबंधन से पार पाकर पिछले चुनाव में मिली जीत के क्रम को बरकरार रखने की चुनौती थी, जो चुनौती बनी रह गई.

Advertisement
Advertisement