पश्चिम बंगाल में दो अलग-अलग मामलों में बड़ी कार्रवाई हुई है. एक तरफ NIA ने भांगर बम ब्लास्ट केस में फरार पूर्व विधायक साउकत मोल्ला को गिरफ्तार किया है. दूसरी तरफ बंगाल STF ने संदेशखाली में शाहजहां शेख के तीन करीबी लोगों को पकड़ने के बाद दक्षिण 24 परगना से 29 हथियार और गोलियां बरामद की हैं. दोनों मामलों ने राज्य में कानून-व्यवस्था और सियासी हलकों में हलचल बढ़ा दी है.
पहला मामला भांगर बम ब्लास्ट केस से जुड़ा है, जिसमें राष्ट्रीय जांच एजेंसी यानी NIA ने फरार चल रहे पूर्व विधायक साउकत मोल्ला को गिरफ्तार किया है. जांच एजेंसी का दावा है कि वह इस मामले के मुख्य साजिशकर्ताओं में शामिल था. NIA के मुताबिक, बम बनाने का निर्देश देने और बाद में सबूत मिटाने की साजिश में भी उसकी भूमिका सामने आई है.
भांगर बम ब्लास्ट केस में NIA का बड़ा एक्शन
यह मामला उस विस्फोट से जुड़ा है, जो विधानसभा चुनाव से पहले कथित तौर पर बम बनाने के दौरान हुआ था. इस हादसे में एक व्यक्ति की मौत हुई थी, जबकि कई लोग घायल हो गए थे. इसके बाद मामले की गंभीरता को देखते हुए गृह मंत्रालय के आदेश पर जांच NIA को सौंप दी गई थी.
जांच के दौरान एजेंसी को कई अहम सुराग मिले. लगातार पूछताछ और तकनीकी जांच के बाद अब तक इस मामले में चार लोगों की गिरफ्तारी हो चुकी है. साउकत मोल्ला की गिरफ्तारी को NIA इस केस में बड़ी सफलता मान रही है.
संदेशखाली कनेक्शन में STF को मिले 29 हथियार
दूसरा मामला दक्षिण 24 परगना और संदेशखाली इलाके से जुड़ा है. बंगाल STF ने पहले संदेशखाली से लुत्फार मोल्ला, खोकोन मोल्ला और रमजान अली मोल्ला को गिरफ्तार किया. जांच एजेंसी के मुताबिक, पकड़े गए इन तीनों आरोपियों के संबंध टीएमसी नेता शाहजहां शेख से जुड़े हैं.
इन तीनों से पूछताछ के बाद एसटीएफ ने तुरंत दक्षिण 24 परगना के कुमरोखाली इलाके में छापा मारा. इस बड़ी कार्रवाई में अब तक करीब 29 हथियार और भारी मात्रा में कारतूस बरामद किए जा चुके हैं. अब जांच एजेंसी यह पता लगाने में जुटी है कि इन हथियारों का इस्तेमाल कहां होना था, साथ ही इस पूरे सिंडिकेट के पीछे कौन सा बड़ा नेटवर्क काम कर रहा है.
इस कार्रवाई पर पश्चिम बंगाल के सीएम शुभेंदु अधिकारी ने कहा कि यह सुरक्षा एजेंसियों के लिए एक बड़ी कामयाबी है. उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर पोस्ट कर बंगाल STF की तारीफ की. शुभेंदु अधिकारी ने कहा कि सटीक खुफिया जानकारी के आधार पर सरबेरिया बाजार, कुमराखाली, बसंती और संदेशखाली के आसपास कई जगहों पर छापेमारी की गई, जहां से बड़ी मात्रा में अवैध हथियार और गोलियां बरामद हुईं.
एक तरफ NIA की गिरफ्तारी और दूसरी तरफ STF की बरामदगी ने बंगाल में कानून-व्यवस्था को लेकर बहस तेज कर दी है. अब दोनों मामलों में आगे की जांच पर सबकी नजर बनी हुई है.
जितेंद्र बहादुर सिंह / अनुपम मिश्रा