जब भी चीन की रेलवे की बात होती है, सबसे पहले उसकी हाई-स्पीड बुलेट ट्रेनों का जिक्र होता है. 350 किमी प्रति घंटे तक की रफ्तार से दौड़ने वाली ये ट्रेनें दुनिया भर में चीन की आधुनिक पहचान बन चुकी हैं. लेकिन इन दिनों एक वायरल वीडियो लोगों को चीन की रेलवे का दूसरा पहलू भी दिखा रहा है.
भारतीय ट्रैवलर संजन कुमार ने अपने इंस्टाग्राम अकाउंट @phirsetravel पर चीन के एक सामान्य ट्रेन कोच का वीडियो शेयर किया है. वीडियो में साधारण सीटें, आम यात्री और रोजमर्रा जैसा माहौल दिखाई देता है. यही वजह है कि वीडियो देखने के बाद कई भारतीय यूजर्स इसकी तुलना भारतीय रेलवे के जनरल कोच से करने लगे.
वीडियो में चीन का जनरल कोच यात्रियों से खचाखच भरा दिखाई देता है. कई लोग खड़े होकर सफर कर रहे हैं, जबकि कुछ यात्री टॉयलेट सीट पर बैठे भी नजर आते हैं. इस दृश्य को देखकर सोशल मीडिया पर कई भारतीय यूजर्स ने भारतीय रेलवे के जनरल कोच से तुलना शुरू कर दी. कुछ यूजर्स का कहना था कि वीडियो में दिख रही भीड़ भारत के कई जनरल डिब्बों से भी ज्यादा लग रही है.
देखें ये वायरल वीडियो
वीडियो वायरल होने के बाद कई लोगों ने ट्रैवलर संजन कुमार को सावधान रहने की सलाह दी. उनका कहना था कि चीन की छवि खराब करने के आरोप में उन्हें कार्रवाई का सामना करना पड़ सकता है. वहीं कुछ यूजर्स ने लिखा कि हर देश की चमक-दमक के पीछे आम लोगों की एक अलग और साधारण जिंदगी भी होती है, इसलिए सिर्फ एक वीडियो देखकर किसी देश का आकलन नहीं किया जाना चाहिए.
हालांकि बड़ी संख्या में यूजर्स ने यह भी कहा कि किसी देश का आकलन सिर्फ एक वायरल वीडियो से नहीं किया जा सकता. उनके मुताबिक चीन की हाई-स्पीड ट्रेनें और सामान्य ट्रेनें अलग-अलग जरूरतों के लिए चलाई जाती हैं.
आखिर चीन में आज भी क्यों चलती हैं ऐसी ट्रेनें?
चीन के पास दुनिया का सबसे बड़ा हाई-स्पीड रेल नेटवर्क है, लेकिन इसके साथ-साथ वहां हजारों सामान्य ट्रेनें भी चलती हैं. इन ट्रेनों का इस्तेमाल कम किराये में लंबी दूरी तय करने वाले यात्रियों, छात्रों और मजदूरों समेत बड़ी आबादी करती है. यानी बुलेट ट्रेनें चीन की पहचान जरूर हैं, लेकिन आम लोगों की यात्रा का बड़ा हिस्सा अब भी इन्हीं पारंपरिक ट्रेनों पर निर्भर है.
यही वजह है कि वीडियो देखने के बाद कुछ लोगों की धारणा बदली, जबकि कई यूजर्स ने कहा कि हर देश में आधुनिक और साधारण, दोनों तरह की सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था होती है. सोशल मीडिया पर अब बहस इस बात को लेकर हो रही है कि क्या चीन की पहचान सिर्फ उसकी बुलेट ट्रेनें हैं, या फिर उसकी आम ट्रेनों की तस्वीर भी उतनी ही अहम है.
फिलहाल यह वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है और हजारों लोग इस पर अपनी राय दे रहे हैं. वहीं किसी का कहना है कि एक छोटी-सी झलक देखकर पूरे देश की रेलवे व्यवस्था पर राय बनाना सही नहीं होगा.
aajtak.in