मास्टर प्लान की जानकारी पहले से होने के आरोपों के अनुसार, जिन इलाकों से हाइवेज या सड़क विकास होने वाले हैं वहाँ पहले से ही जमीन खरीद ली गई है. यह मामला सीधे तौर पर योजना की पॉलिसी में सेंध लगाने और पूर्व सूचना के गलत इस्तेमाल का संकेत देता है. इस आरोप के चलते जांच की संभावना बनी हुई है ताकि सड़क विकास परियोजना के आसपास की भूमि सौदों का सत्य पता चल सके.