मुस्लिम समुदाय को राम मंदिर पर अपना दिल बड़ा करना चाहिए: गिरिराज सिंह

गिरिराज सिंह ने 'आज तक' से खास बातचीत में कहा कि हम कहां जाएंगे? ना हमारे लिए मक्का मदीना है, न पाकिस्तान है, ना बांग्लादेश है. इसलिए मैं हाथ जोड़कर प्रार्थना करता हूं कि वो दिल बड़ा करें.

Advertisement
केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह

सुप्रिया भारद्वाज

  • नई दिल्ली,
  • 24 मार्च 2017,
  • अपडेटेड 11:29 PM IST

सुप्रीम कोर्ट की राम मंदिर मुद्दे को कोर्ट के बाहर बातचीत से सुलझाने की सलाह के बाद यह मुद्दा एक बार फिर भारतीय राजनीति के केंद्र में हैं. केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने कहा कि मुस्लिम समुदाय के लोगों को राम मंदिर पर अपना दिल बड़ा करना चाहिए.

गिरिराज सिंह ने 'आज तक' से खास बातचीत में कहा कि हम कहां जाएंगे? ना हमारे लिए मक्का मदीना है, न पाकिस्तान है, ना बांग्लादेश है. इसलिए मैं हाथ जोड़कर प्रार्थना करता हूं कि वो दिल बड़ा करें.

 

Advertisement

हिंदू-मुस्लिम के पूर्वज एक
गिरिराज सिंह ने कहा कि राम मंदिर को कुतर्कों से नहीं जोड़ा जा सकता. उन्होंने कहा, हम बार-बार कहते हैं कि दोनों एक ही वंशज से हैं. अगर मैं बन जाऊं और मेरा भाई ना बने तो 200-400 साल बाद भी मेरे पिताजी ही मेरे बच्चों के पूर्वज कहलाए जाएंगे. आज इस नजरिए से नहीं देखेंगे तो इस समस्या का निदान नहीं निकलेगा. उन्होंने कहा कि निश्चित रूप से उनको अपना दिल बड़ा रखना चाहिए. वह भी मेरे भाई हैं. उनके भी पूर्वज हमारे जैसे हैं.

राम मंदिर जमीन से जुड़ा मुद्दा नहीं
केंद्रीय मंत्री ने ये भी कहा कि को जमीन से नहीं जोड़ा जा सकता. वह आस्था का विषय है. जिस तरह मक्का-मदीना उनके धर्म की आस्था का मुद्दा है, उसी तरह से राम मेरे आस्था के प्रतीक हैं. हम दोनों के पूर्वज एकत ही हैं.

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement
Latest News in Hindi »