केजरीवाल का ऐलान- अकेले लड़ेंगे 2019 का चुनाव,नहीं होंगे महागठबंधन का हिस्सा

अरविंद केजरीवाल ने साफ कर दिया है कि 2019 में होने वाले लोकसभा चुनाव में वे महागठबंधन का हिस्सा नहीं होंगे. केजरीवाल ने कहा कि आम आदमी पार्टी अकेले चुनाव लड़ेगी.

Advertisement
दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल

राहुल विश्वकर्मा

  • नई दिल्ली,
  • 09 अगस्त 2018,
  • अपडेटेड 7:42 AM IST

दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने ऐलान कर दिया है कि वे 2019 में होने वाले लोकसभा चुनाव में किसी भी तरीके के गठबंधन का हिस्सा नहीं होंगे. केजरीवाल ने आज हरियाणा के जींद जिले में कहा कि आम आदमी पार्टी हरियाणा में विधानसभा चुनाव के साथ-साथ लोकसभा चुनाव की सभी सीटों पर चुनाव लड़ेगी.

केजरीवाल ने कहा कि जो पार्टियां संभावित महागठबंधन में शामिल हो रही हैं, उनकी देश के विकास में कोई भूमिका नहीं रही है. उन्होंने आरोप लगाया कि ने दिल्ली में कराये जाने वाले विकास के कार्यों में रोड़े अटकाए हैं. केजरीवाल ने आज रोहतक में कुछ संवाददाताओं के साथ हुई बातचीत में कहा कि उनकी पार्टी हरियाणा में विधानसभा चुनाव के साथ-साथ लोकसभा की सभी सीटों पर भी चुनाव लड़ेगी.

Advertisement

उन्होंने कहा कि 2019 में वे किसी भी प्रकार के या अन्य गठबंधन का हिस्सा नहीं बनेंगे. केजरीवाल ने दिल्ली के रुके हुए कामों के लिए केन्द्र की मोदी सरकार को जिम्मेदार ठहराया और कहा कि उनके हर उस कदम को रोका गया जो आम जनता की भलाई के लिए कहा था. उन्होंने दावा किया कि हमने दिल्ली में शिक्षा और स्वास्थ्य के क्षेत्रों में क्रांतिकारी काम किये हैं. उन्होंने कहा कि भाजपा धर्म के नाम पर सिर्फ दिखावा कर रही है. उसे लोगों की भावनाओं से कोई लेना-देना नहीं है.

केजरीवाल ने हरियाणा की भाजपा सरकार को भी आड़े हाथों लिया. उन्होंने दिल्ली के मुकाबले हरियाणा को विकास के क्षेत्र में जहां पिछड़ा हुआ करार दिया तो वहीं हरियाणा के मुख्यमंत्री को सलाह भी दे डाली कि वह हमसे सीख लें कि सही मायनों में विकास कैसे होता है.

Advertisement

उन्होंने कहा कि दिल्ली में आम आदमी पार्टी की सरकार जब पूर्ण राज्य न होते हुए भी बिजली, पानी, स्वास्थ्य और शिक्षा के क्षेत्र में क्रांति ला सकती है तो हरियाणा में खट्टर सरकार ऐसा क्यों नहीं कर सकती है. केजरीवाल ने अम्बाला के शहीद हुए जवान के परिवार के लिए हरियाणा सरकार से एक करोड़ रूपये की आर्थिक सहायता की मांग की.

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement